फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

Jalaun: तुलसा रानी और शालिग्राम का धूमधाम से हुआ विवाह, कार से पहुंचे बराती

Wed, 05 Nov 2025 06:45 PM IST
शिखा पांडेय न्यूज डेस्क, अमर उजाला, जालौन

सार

तुलसा रानी और शालिग्राम का विवाह धूमधाम से हुआ। बैंडबाजे और रीति-रिवाजों के साथ अनोखी शादी संपन्न हुई।
विज्ञापन
तुलसा रानी व शालिग्राम की मंडप में होती शादी - फोटो : अमर उजाला
विज्ञापन

विस्तार
वॉट्सऐप चैनल फॉलो करें

देवउठनी एकादशी के अवसर पर मंगलवार को तुलसी माता और भगवान शालिग्राम का विवाह परंपरागत रीति-रिवाजों के साथ बड़ी धूमधाम से संपन्न हुआ। विवाह में मंडप, बरात, भजन और मंगल गीतों के साथ लोगों ने साक्षात विवाह जैसा दृश्य प्रस्तुत किया। महिलाओं ने श्रृंगार कर विवाह की सभी रस्में निभाईं।
विज्ञापन


मुहम्मदाबाद गांव स्थित एक निजी गेस्ट हाउस में कार्यक्रम का आयोजन किया गया। जहां सुबह से ही तैयारियों का दौर शुरू हो गया था। गांव की ही भान सिंह की पत्नी राम भरोसी बाई, जो बीते 12 वर्षों से गांव की महिलाओं के साथ कतक्यारी स्नान व पूजन का कार्य कर रही थीं, उनके 12 वर्ष पूर्ण होने के उपलक्ष्य में यह पवित्र विवाह समारोह आयोजित किया गया था। सुबह बरात जगमोहन चतुर्वेदी उर्फ लला महाराज के नेतृत्व में 50 से 60 बरातियों के साथ बैंड-बाजों की धुन पर पहुंची। मंडप के पास पहुंचने पर 501 रुपये का टीका किया गया और विवाह स्थल पर भी 501 रुपये का दान दिया गया।

इसके बाद वैदिक मंत्रोच्चार के बीच तुलसा रानी तुलसी माता और शालिग्राम ठाकुर का विवाह विधि-विधान से संपन्न हुआ। विवाह के बाद बरातियों को नाश्ता और भोजन कराया गया। इसके पश्चात तुलसा महारानी की विदाई की गई। विदाई के समय तुलसी माता को मंगलसूत्र, झुमकी, पायल और वेदा भेंट किए गए। जगमोहन चतुर्वेदी ने बताया कि यह परंपरा पीढ़ियों से चली आ रही है। “तुलसी-शालिग्राम विवाह से घर में सुख-शांति और समृद्धि बनी रहती है। महिलाएं हर वर्ष इस पवित्र विवाह का आयोजन करती हैं। इस अवसर पर भान सिंह नगर, हिमांशु तिवारी, अभिषेक नगर, रानू, साहिल, अंजना, प्रेम नगर, मनु नगर, भूपेंद्र यज्ञिक, भागवत तिवारी, कौशल राजपूत आदि ग्रामीण मौजूद रहे।
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें