कारतूसों का दुरुपयोग करने के आरोप में आयुध अधिनियम के तहत बजरिया थाने में दर्ज मुकदमे में गैंगस्टर जय बाजपेई को अपर जिला जज प्रथम की अदालत से जमानत मिल गई है। कोर्ट ने 50-50 हजार रुपये की दो जमानतें व निजी बंधपत्र दाखिल करने पर रिहा करने के आदेश कर दिए हैं।
सहायक शासकीय अधिवक्ता ने तर्क रखा कि बजरिया थाने की पुलिस 18 जुलाई 2020 को जय बाजपेई के घर शस्त्र लाइसेंस व कारतूसों की जांच के लिए पहुंची थी। जय के लाइसेंस पर 65 कारतूस आवंटित थे। कारतूसों के इस्तेमाल के बारे में पता नहीं चला था।
इस पर पुलिस ने अपराधियाें को कारतूस देने के आरोप में जय पर आयुध अधिनियम के तहत मुकदमा दर्ज किया था। जय के अधिवक्ता शिवाकांत दीक्षित ने बताया कि केस डायरी व सबूतों के आधार पर कोर्ट ने जय की जमानत अर्जी स्वीकार कर ली।