कानपुर। पुलिस कमिश्नर ने रविवार को जनप्रतिनिधियों के साथ महत्वपूर्ण समन्वय बैठक की। बैठक का उद्देश्य शासन की प्राथमिकताओं को प्रभावी ढंग से लागू करना तथा आम नागरिकों को सुरक्षित एवं बेहतर जीवन-परिस्थितियां उपलब्ध कराना रहा। बैठक में ई-रिक्शा, साइबर ठगी और सूखे नशे के मुद्दों पर चर्चा हुई। इसमें साइबर अपराधों के बदलते स्वरूप और सूखे नशे के कारोबार और ई-रिक्शा की अराजकता पर लगाम लगाने पर गहन मंथन हुआ।
पुलिस कमिश्नर रघुबीर लाल ने कहा कि वर्तमान समय में साइबर अपराध एक गंभीर सामाजिक चुनौती बन गया है। केवाईसी प्रक्रिया की खामियों का लाभ उठाकर म्यूल अकाउंट्स के माध्यम से साइबर ठगी की जा रही है। उन्होंने हाल में हुईं प्रमुख साइबर घटनाओं, उनकी कार्यप्रणाली तथा पुलिस द्वारा की गई कार्रवाई और बरामदगी की जानकारी दी। इस दौरान साइबर क्राइम टीम द्वारा तैयार की गई एक जागरूकता लघु फिल्म भी प्रदर्शित की गई। बैठक में ऑटो चालकों द्वारा नियमों की अनदेखी, निर्धारित क्षमता से अधिक सवारी भरने और बेतरतीब वाहन खड़े करने की शिकायतों पर सख्त कार्रवाई के निर्देश दिए गए। काकादेव, गोविंदनगर, किदवईनगर, कल्याणपुर, अनवरगंज सहित कई थाना क्षेत्रों में फैल रहे सूखे नशे को लेकर गंभीर चिंता व्यक्त की गई।
जनप्रतिनिधियों ने कुछ थाना प्रभारियों एवं पुलिस कर्मियों के व्यवहार को लेकर असंतोष व्यक्त किया जिस पर कमिश्नर ने गंभीरता दिखाते हुए आवश्यक सुधार के निर्देश दिए। बैठक में सांसद रमेश अवस्थी, महापौर प्रमिला पांडेय और विधायकगण व जिला पंचायत अध्यक्ष मौजूद रहीं।