मगर अब जब फोरेंसिक टीम ने पुलिस को जांच रिपोर्ट सौंपी है, तो बेहद अहम तथ्य सामने आया है। फोरेंसिक रिपोर्ट के मुताबिक आग पटाखे से नहीं लगी। किसी ज्वलनशील पदार्थ से आग लगी। फोरेंसिक एक्सपर्ट रिपोर्ट में ऐसे तथ्यों को स्पष्ट न लिखकर अंदेशा जताते हैं। इसकी और पुष्टि करने के लिए फोरेंसिक लैब कन्नौज सैंपल भेजा गया है।
बता दें कि फरार सपा विधायक इरफान सोलंकी और उनके भाई रिजवान के खिलाफ पुलिस ने कोर्ट से एनबीडब्ल्यू (गैर जमानती वॉरेंट) हासिल कर लिया है। अब भी अगर दोनों की गिरफ्तारी नहीं हुई या आत्मसमर्पण नहीं किया तो, पुलिस कुर्की की कार्रवाई कराने की प्रक्रिया शुरू करेगी।
पिछले दस दिन से आरोपियों का पुलिस कोई सुराग नहीं जुटा सकी है। जाजमऊ डिफेंस कॉलोनी में सात नवंबर की रात नजीर फातिमा के प्लॉट में आग लग गई थी। दूसरे दिन नजीर की तहरीर पर जाजमऊ पुलिस ने इरफान सोलंकी व रिजवान सोलंकी समेत अन्य अज्ञात पर आगजनी, रंगदारी समेत कई गंभीर धाराओं में केस दर्ज किया था।
भारी पुलिस बल के साथ विधायक के घर पर उसी रात दबिश दी गई थी लेकिन दोनों गिरफ्त में नहीं आए थे। तब से वह फरार चल रहे हैं। ज्वाइंट पुलिस कमिश्नर आनंद प्रकाश तिवारी ने बताया कि पुलिस ने कोर्ट से आरोपियों के खिलाफ एनबीडब्ल्यू के लिए अर्जी दी थी। एनबीडब्ल्यू जारी हो गया है। अब आगे की कार्रवाई की जा रही है।