कानपुर। अलग-अलग थाना क्षेत्रों में चार युवकों ने शुक्रवार देर रात फंदा लगाकर खुदकुशी कर ली। शनिवार की सुबह परिजनों को घटना की जानकारी हुई। परिजनों ने पुलिस को घटनाओं के पीछे अलग-अलग कारण बताए हैं।
रावतपुर थाना क्षेत्र के मसवानपुर निवासी मो. यासीन ने पुलिस को बताया कि उन्होंने करीब नौ साल पहले इकलौते बेटे अरशद (25) की शादी इलाके की रेशमी से की थी। दोनों का एक बेटा हैदर है। आरोप है कि रेशमी मायके वालों के कहने पर उनके बेटे और उन लोगों से चार लाख रुपये लेेने का दबाव बना रही है। आरोप है कि करीब 12 दिन पहले बहू झगड़कर गहने और नकदी लेकर मायके चली गई। बेटा दो बार बुलाने गया तो उसे बेइज्जत करके भगा दिया। इन्हीं बातों से ऊबकर अरशद ने देर रात फंदा लगाकर जान दे दी।
इसी प्रकार गुजैनी थाना क्षेत्र के बिहारीपुरवा जरौली फेज-2 निवासी प्रदीप सचान (40) सीसीटीवी कैमरे लगाने का काम करता था। पत्नी निधि के अनुसार वह तीन दिन से काम पर नहीं जा रहे थे। देर रात घर के बेसमेंट में वायर से फंदा लगा लिया। वहीं, छावनी थाना क्षेत्र के लालकुर्ती बाजार में सरवन (41) ने देर रात रस्सी के सहारे फंदा लगाकर जान दे दी। परिवार में पत्नी गायत्री व तीन बच्चे सार्थक अंजलि, अदिति हैं। परिजनों के अनुसार उनकी नशा छुड़ाने के लिए दवा चल रही थी। इस कारण उसे उलझन होती थी। इनके अलावा बिधनू के सपई गांव में शुक्रवार रात घर लौटे किसान विनोद बाजपेई (40) उर्फ बंटू का परिवार में विवाद हो गया। इसके बाद उन्होंने फंदा लगाकर जान दे दी। थाना प्रभारी तेज बहादुर सिंह ने बताया कि जांच में शराब के लती होने और पारिवारिक कलह की बात सामने आई है।