कम बारिश, अधिक तापमान, दिन, जलवायु परिवर्तन आदि के अनुसार फसलों की पैदावार का डाटा है। इसी डाटा के आधार पर स्टार्टअप वर्तमान इमेज के हिसाब से तेलंगाना में काम कर रहा है और वहां बनाए गए कंट्रोल रूम को अलर्ट कर रहा है। साथ ही किस जिले में कितने क्षेत्रफल में फसल का नुकसान हुआ है, इसका भी डाटा स्टार्टअप तैयार करता है। इससे फसल बीमा योजना का लाभ देने में सरकार को फायदा होगा।
अवैध कब्जों की भी हो सकेगी जानकारी
सर्वेश ने बताया कि आर्टिफिशियल इंटेलीजेंस की मदद से स्टार्टअप खेत, प्लॉट के अलावा घरों की भी डिजिटल बाउंड्री तैयार कर रहा है। इससे अधिकारियों को अपने कार्यालय पर बैठे-बैठे ही अवैध कब्जे की जानकारी हो सकेगी।