गैर जिलों के छात्रों और कानपुर में नौकरी करने आए लोगों को घर की रसोई का खाना उपलब्ध कराने के लिए आईआईटी के पूर्व छात्रों ने कैंपस हाट फूड एप बनाया है। इससे घरेलू महिलाओं को भी आमदनी हो रही है। लॉकडाउन में शुरू हुए इस एप से इस समय 50 से ज्यादा महिलाएं जुड़ चुकी हैं जो ऑर्डर मिलने पर अपने घरों से खाना बनाकर दे रही हैं।
आईआईटी के पूर्व छात्र गुड्डू कुमार, सागर यादव ने सीएसए के शिक्षक अंशु सिंह सेंगर और अक्षत श्रीवास्तव के साथ मिलकर यह एप बनाया है। उनकी कंपनी आईआईटी के स्टार्टअप इनोवेशन एंड इंक्यूबेशन सेल (एसआईआईसी) से इंक्यूबेटेड है।
महीने में पांच हजार रुपये की बिक्री तक घरेलू महिलाओं से भोजन के एवज में कोई कमीशन नहीं लिया जाता है। इससे ऊपर की बिक्री पर कुछ प्रतिशत कमीशन लिया जाता है। खाना आर्डर करने पर बाकायदा डिलीवरी ब्वॉय आपके घर खाना पहुंचाने आता है। एप को गूगल प्ले स्टोर से डाउनलोड किया जा सकता है।
इन इलाकों में हो रही सप्लाई
इस एप से आईआईटी, नानकारी, गूबा गार्डेन और काकादेव में ब्रेकफास्ट लंच और डिनर की सप्लाई की जा रही है। एप में मार्केटिंग का काम देख रहे प्रखर श्रीवास्तव ने बताया कि सीएसए कैंपस में छात्रों के लिए ब्रेकफास्ट की सुविधा नहीं थी। इसको ध्यान में रखते हुए एक महिला से बात करके किचन को जोड़ा गया है। आने वाले दिनों में सीएसए कैंपस और एचबीटीयू वेस्ट कैंपस में सप्लाई शुरू की जाएगी। इस एप से आप ताजी सब्जियां भी ले सकते हैं। इसके लिए टीम किसानों से ताजी सब्जियां खरीदकर सप्लाई करती है।