पुत्र को जन्म देने के बाद प्रसूता की मौत से नाराज परिजनों ने शव कोतवाली गेट पर रखकर हंगामा किया। प्राइवेट अस्पताल के चिकित्सक पर गलत इंजेक्शन लगाने और इसके कारण मौत हो जाने का आरोप लगाया। पुलिस ने शव पोस्टमार्टम के लिए भेजा है। पोस्टमार्टम रिपोर्ट के आधार पर आगे की कार्रवाई की जाएगी।
सांडी थाना क्षेत्र के कचाना निवासी मंगल बाबू की पत्नी संगीता (22) गर्भवती थी। प्रसव पीड़ा होने पर मंगल बाबू और उसके परिजनों ने संगीता को बिलग्राम के एक प्राइवेट अस्पताल में भर्ती कराया था। यहां संगीता का ऑपरेशन से प्रसव हुआ। संगीता ने बेटे को जन्म दिया। 13 दिसंबर को संगीता की हालत बिगड़ गई। इस पर प्राइवेट अस्पताल के संचालक ने उसे लखनऊ ले जाने की सलाह परिजनों को दी।
चिकित्सक ने अपना वाहन भी लखनऊ के लिए उपलब्ध करा दिया। लखनऊ में डाक्टर ने संगीता को मृत घोषित कर दिया। परिजनों ने बिलग्राम अस्पताल में गलत इंजेक्शन लगाए जाने के कारण मौत होने का आरोप लगाते हुए कार्रवाई की मांग की। शव को कोतवाली के गेट पर शव रखकर हंगामा किया। कोतवाल उमाकांत दीपक ने बताया कि पोस्टमार्टम रिपोर्ट के आधार पर कार्रवाई की जाएगी।