हमीरपुर में दोहरे हत्याकांड के 19 साल पुराने मामले में कोर्ट ने दोषी पिता व पुत्रों को आजीवन कारावास की सजा सुनाई है। अपर जिला एवं विशेष सत्र न्यायाधीश ईसी एक्ट एसके खरवार की अदालत ने प्रत्येक दोषी पर 25 हजार का जुर्माना भी लगाया है। वहीं क्षतिपूर्ति के रूप में एक लाख की धनराशि पीड़ित पक्ष को दिलाने का आदेश दिया है।
सहायक जिला शासकीय अधिवक्ता रामबाबू अवस्थी व सुभाष श्रीवास्तव ने बताया कि खन्ना थानाक्षेत्र के मवई खुर्द गांव निवासी पीड़ित उदित नरायण पाठक ने पुलिस को तहरीर दी थी। तहरीर में बताया था कि उनके भाई छुट्टन पाठक (34) का गांव के रामदयाल काछी से ट्रैक्टर निकालने को लेकर कुछ दिन पहले विवाद हुआ था। एक जुलाई 2004 को उनका भाई दोपहर करीब 12 बजे बैलों को पानी पिलाने चन्द्रावल नदी गया था। उसी दौरान रंजिशन रामदयाल, रामबहोरी, रामबाबू व श्यामबाबू धारधार हथियार व तमंचा लेकर नदी पर पहुंचे और भाई को घेर कर गाली गलौज करने लगे।