पुखरायां। कानपुर-झांसी रेलवे लाइन में चल रहे दोहरीकरण के कारण भोगनीपुर-घाटमपुर रोड पर हलधरपुर क्रासिंग का गेट चार घंटे तक बंद रहा। इससे यहां पर लगभग पांच किमी लंबा जाम लग गया। पुलिस कर्मियों को कड़ी मशक्कत करनी पड़ी।
झांसी-कानपुर रेललाइन का दोहरीकरण कार्य तेजी से चल रहा है। इसका ट्रायल 28 सितंबर को सीआरएस की निगरानी में किया जाना है। इसके चलते भोगनीपुर से घाटमपुर रोड पर हलधरपुर रेलवे क्रासिंग का फाटक सुबह पांच बजे से नौ बजे तक बंद कर दिया गया। जिससे फाटक के दोनों तरफ लंबी कतार लग गई। दिल्ली से चौडगरा, फतेहपुर, बिंदकी, इलाहाबाद, बनारस, हमीरपुर, बांदा जाने वाले और उधर से आने वाले वाहनों की लंबी कतार लग गई। वाहनों को नौबस्ता कानपुर होकर घाटमपुर की ओर मोड़ दिया गया था, लेकिन चालकों ने वाहनों को वहीं पर खड़ा कर लिया।
चालक राजेश सिंह, मंजीत सिंह, महेरूल, जंगबहादुर ने बताया कि 120 किलोमीटर का लंबा चक्कर पड़ेगा। वहीं, बारा टोल सबसे महंगा है, जबकि हमें सीधे रूट पर जाना है। वाहन खड़ा करके इंतजार करना ही ठीक हैं। छोटे वाहन गांवों के लिंक मार्गों से निकलते रहे। चार घंटे बाद रेलवे फाटक खुलने पर पुलिस को वाहनों का जाम खुलवाने में एक घंटे कड़ी मशक्कत करनी पड़ी।
कोतवाल बैजनाथ सिंह ने बताया कि रेलवे लाइन के चल रहे दोहरीकरण कार्य के कारण दिक्कत हो रही है। स्थानीय लोगों का कहना है कि हलधरपुर रेलवे क्रासिंग का फाटक बंद होने पर हमेशा जाम लग जाता है। पुखरायां स्टेशन अधीक्षक वीके प्रजापति ने बताया कि ट्रेनें अधिक नहीं हैं। रेलवे लाइन पर काम चल रहा है। जिससे फाटक बंद किया जाता है।