Kanpur News: गोविंदनगर स्टेशन से करीब 500 मीटर दूर ट्रैक पर सिलिंडर पड़ा मिला था। मामले की जांच के लिए उत्तर मध्य रेलवे के कई विभागों की कमेटी बनाई गई है, जो रिपोर्ट गोरखपुर भेजेगी।
कानपुर में गोविंदपुरी स्टेशन से करीब 500 मीटर दूर कानपुर-झांसी रेलवे लाइन पर मिले फायर सेफ्टी सिलिंडर मामले की जांच गोरखपुर मंडल करेगा। इसकी रिपोर्ट उत्तर मध्य रेलवे के कई विभागों के वरिष्ठ अधिकारी तैयार करेंगे। रिपोर्ट को जल्द ही गोरखपुर भेजा जाएगा। वहीं, आरपीएफ की ओर से सिलिंडर को गोरखपुर भेजने की तैयारी चल रही है। इधर सोमवार की सुबह और शाम को आरपीएफ, जीआरपी और रेलवे के ट्रैकमैन ने पेट्रोलिंग की।
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रविवार की सुबह करीब 4.14 बजे कानपुर-झांसी रूट की डाउन लाइन पर पांच किलोग्राम का भरा हुआ फायर सेफ्टी सिलिंडर मिला था। लखनऊ जा रही पुष्पक एक्सप्रेस के चालक ने फायर सेफ्टी सिलिंडर देख इमरजेंसी ब्रेक लगाकर ट्रेन रोकी थी। लोको पायलट के कंट्रोल रूम को सूचना देने के बाद आरपीएफ, जीआरपी और रेलवे स्टाफ सक्रिय हो गया था। फायर सेफ्टी सिलिंडर में गोरखपुर लिखा हुआ था। लोको पायलट सिलिंडर को सेंट्रल स्टेशन आ गए थे।
प्रारंभिक जांच में पुष्पक से कुछ देर पहले गुजरी कुशीनगर एक्सप्रेस से सिलिंडर के गिरने या फेंके जाने की संभावना लग रही है। उत्तर मध्य रेलवे के पीआरओ अमित सिंह ने बताया कि इस मामले में जांच गोरखपुर मंडल के अधिकारी करेंगे। उत्तर मध्य रेलवे के सीनियर सुपरवाइजर की कमेटी बनाई गई है। इसमें आरपीएफ, कैरिज एंड वैगन विभाग, मैकेनिकल व अन्य विभागों के अधिकारी शामिल हैं। यह कमेटी अपनी रिपोर्ट गोरखपुर को भेजेगी।