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Gangster Pappu Smart: बिना तारीख तलबी का मामला, साजिश और लापरवाही के पहलू पर जांच, जल्द सौंपी जाएगी रिपोर्ट

Sun, 31 Jul 2022 10:52 PM IST
हिमांशु अवस्थी न्यूज डेस्क, अमर उजाला, कानपुर

सार

गैंगस्टर पप्पू स्मार्ट व उसके गुर्गों को बिना तारीख के तलबी वारंट जारी हुआ था। इसके बाद ही पप्पू स्मार्ट कचहरी पहुंचा था। जेसीपी ने संज्ञान लेकर जांच शुरू कराई है,जो अंतिम दौर में पहुंच चुकी है। 
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बसपा नेता पिंटू सेंगर हत्याकांड - फोटो : अमर उजाला
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विस्तार
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कानपुर में बिना तारीख के तलबी के मामले में जांच दो पहलू पर हो रही है। तलबी वारंट साजिश के तहत बनाकर पप्पू व उसके साथी को कोर्ट में लाया गया था या फिर रजिस्टर में तारीख दर्ज करने में लापरवाही बरती गई। जो गलतीवश लिखी गई। 

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अगर जांच में साजिश के साक्ष्य पाए जाते हैं तो एफआईआर दर्ज की जाएगी। जांच अंतिम दौर में है। सोमवार को जांच अधिकारी जांच पूरी कर रिपोर्ट उच्चाधिकारियों को सौंप सकते हैं। पिंटू सेंगर हत्याकांड का मुख्य आरोपी गैंगस्टर पप्पू स्मार्ट 25 जुलाई को कोर्ट पहुंचा था। 
चार पांच घंटे तक वह कचहरी में रहकर अपने बेटे और एक गैंगस्टर से मुलाकात की थी। मामले में खुलासा हुआ था कि इस दिन उसके मामले की तारीख थी नहीं। इसके बावजूद उसका तलबी वारंट बन गया और उसको कचहरी लगाया गया। 

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प्रकरण में ज्वाइंट सीपी आनंद प्रकाश तिवारी ने एडीसीपी को जांच सौंपी थी। जांच के दौरान कचहरी व जेल से इस संबंध में कुछ दस्तावेज जुटाए जा चुके हैं और कुछ अभी बाकी हैं। इसलिए जांच अभी अधूरी है। ज्वाइंट सीपी ने बताया कि प्रकरण की गंभीरता देखते हुए जांच कराई जा रही है। साजिश की पुष्टि हुई तो तत्काल केस दर्ज कर आरोपियों पर कार्रवाई की जाएगी।

ये था प्रकरण 
बिना तारीख तलबी वारंट पर कचहरी आए पप्पू स्मार्ट व उसके गुर्गों पर शिकंजा कसना तय है। पिंटू सेंगर के भाई धर्मेंद्र सेंगर ने मामले में बुधवार को पुलिस कमिश्नर को तहरीर देकर एफआईआर दर्ज करने की मांग की है। तहरीर में दावा किया कि इस तरह से शातिर बदमाशों का कचहरी में लाया जाना बड़ी साजिश की ओर इशारा कर रहा है। पुलिस कमिश्नर ने जांच के आदेश दिए। 

ज्वाइंट सीपी का कहना है कि कोर्ट से भी दस्तावेज जुटाए जा रहे हैं। तहरीर में लगाए गए आरोपों की भी छानबीन की जाएगी। जांच के बाद एफआईआर दर्ज करने का फैसला लिया जाएगा। शुरुआती जांच में मामला गंभीर लग रहा है।

पुराने केस की जांच ठप पड़ी
करीब छह महीने पहले कोतवाली में एक केस दर्ज किया गया था, जिसमें आरोप था कि पप्पू स्मार्ट पेशी पर जब आया था तो उसने मुख्तारनामा पर हस्ताक्षर किए थे। पुलिस ने जांच के बाद केस दर्ज किया था। दरोगा शिव सिंह के पास मामले की जांच है लेकिन अब तक इसमें कोई कार्रवाई नहीं हुई है।
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पिंटू सेंगर के पक्ष का आरोप है कि मामले में जानबूझकर कार्रवाई नहीं की जा रही है। शिकायत के बाद अब इस मामले की भी जांच तेजी से शुरू की जाएगी। वहीं एक अहम और जानकारी मिली है। पता चला है कि शिव सिंह पिछले छह वर्षों से एक चौकी में जमा हुआ है।
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