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Kanpur: पूर्व राष्ट्रपति कोविंद बोले- छात्रों को जमीन से जुड़कर आसमान छूना सिखाएं शिक्षक

Wed, 11 Dec 2024 10:29 PM IST
शिखा पांडेय न्यूज डेस्क, अमर उजाला, कानपुर

सार

सर पदमपत सिंहानिया एजुकेशन सेंटर के कार्यक्रम में पूर्व राष्ट्रपति रामनाथ कोविंद शामिल हुए। उन्होंने कहा कि टेक्सटाइल इंडस्ट्री शहर का गौरव है। इसे वापस लाने के प्रयास करने होंगे।
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पूर्व राष्ट्रपति रामनाथ कोविंद - फोटो : अमर उजाला
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विस्तार
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आज के युवाओं को तकनीक, नए गैजेट्स, टूल्स के बारे में बहुत जानकारी है। अच्छी बात है, लेकिन उन्हें संस्कृति से जोड़े रखना शिक्षकों की जिम्मेदारी है। शिक्षक छात्रों को एआई, एमएल के साथ संस्कार का भी पाठ पढ़ाएं। साथ ही छात्रों को जमीन से जुड़े होकर आसमान छूने की शिक्षा दें। ये बातें पूर्व राष्ट्रपति रामनाथ कोविंद ने कहीं। सर पदमपत सिंहानिया एजुकेशन सेंटर स्कूल के 42 साल और जेके ग्रुप संस्थान के 140 साल पूरे होने पर विद्यालय के कार्यक्रम में मुख्य अतिथि के रूप में शामिल कोविंद ने कहा कि कानपुर ग्लोबल मैन्युफैक्चरिंग हब की दिशा में आगे बढ़े। टेक्सटाइल इंडस्ट्री को बढ़ाने का मौका है। टेक्सटाइल इंडस्ट्री शहर का गौरव है, इसे वापस लाने के प्रयास करने होंगे। यहां आईआईटी जैसे संस्थान हैं जो रिसर्च एंड डेवलपमेंट में मदद कर सकते हैं।
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कोविंद ने कहा कि जेके आर्गेनाइजेशन की कई पीढ़ियों ने देश की सेवा की है। उद्योगों के साथ शिक्षा के क्षेत्र में भी काफी काम किया है। अभी तक अंग्रेजों के जमाने की शिक्षा पद्धति का ही पालन किया जा रहा था। नई शिक्षा नीति से कई महत्वपूर्ण बदलाव हुए हैं। इनोवेशन को बढ़ावा दिया गया है। नई शिक्षा नीति के मजबूत पंखों की मदद से छात्र देश को विकसित देशों की श्रेणी में खड़ा करेंगे।
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सुनसान पड़ी है लाल इमली
कोविंद ने कहा कि उद्योगों में शहर का नाम था। ब्रिटेन की महारानी एल्गिन मिल में तैयार तौलिए का ही इस्तेमाल करती थी। कानपुर की लाल इमली का कपड़ा दुनिया भर में मशहूर था। लाल इमली शहर की शान थी, लेकिन अब पूरी मिल सुनसान है।

जो हूं, जैसा भी हूं, कानपुर की बदौलत हूं
कोविंद ने कहा कि परौंख से शुरू हुआ मेरा सफर राष्ट्रपति भवन तक पहुंचा। जो हूं, जैसा भी हूं, अपने कानपुर की बदौलत हूं। कानपुर से विशेष लगाव है। कोविंद ने कहा कि कार्यक्रम के आने दौरान बच्चों की ओर से लगाई प्रदर्शनी में ले जाया गया। कक्षा चार की बच्ची आद्या ने पॉटरी मेकिंग का डिस्प्ले किया। इस उम्र में तो मैंने कभी कल्पना भी नहीं की थी कि ऐसा कुछ कर सकता हूं। कक्षा 11 के रुद्राक्ष और आयुष प्रताप ने ड्रोन तैयार किए थे। उन्होंने कहा कि दोनों बच्चों का जिक्र इसलिए किया क्योंकि हमें ऐसा ही बनना है।

सांस्कृतिक कार्यक्रम - फोटो : अमर उजाला
सांस्कृतिक कार्यक्रमों के अलावा लगी प्रदर्शनी
सांस्कृतिक समारोह का शुभारंभ शिवोहम द कॉस्मिक चैंट शिव वंदना से हुआ। कक्षा सातवीं तक की छात्राओं ने भरतनाट्यम शैली में भगवान शिव के विविध रूपों को अत्यंत मनमोहक रूप में प्रस्तुत किया। सुरक्षित धरती, सशक्त राष्ट्र नृत्य के माध्यम से देश के विकास में सशस्त्र बलों व कृषक समुदायों की भूमिका पर प्रकाश डाला। दशरथ नंदन राजकुमार राम से मर्यादा पुरुषोत्तम श्रीराम बनने तक की यात्रा दर्शाई। सस्टेनबिलिटी थीम पर वार्षिक विज्ञान प्रदर्शनी में पूर्व राष्ट्रपति ने विज्ञान से संबंधित वर्किंग माॅडल्स का अवलोकन किया।
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छात्रों ने लगाई प्रदर्शनी - फोटो : अमर उजाला
पूर्व राष्ट्रपति से सम्मानित होकर छात्र गदगद
कार्यक्रम का शुभारंभ पूर्व राष्ट्रपति रामनाथ कोविंद, राज्य मंत्री अजीत पाल सिंह, जेके संगठन के अध्यक्ष अभिषेक सिंहानिया, स्कूल की चेयरपर्सन मनोरमा गोविंद हरि सिंहानिया, वाइस चेयरपर्सन वर्षा सिंहानिया, वाइस चेयरमैन पार्थो पी. कर ने दीप जलाकर किया। पूर्व राष्ट्रपति ने कई मेधावियों को सम्मानित भी किया। कोविंद ने साइंस, कॉमर्स तथा ह्यूमैनिटीज स्ट्रीम की बोर्ड टॉपर्स प्रार्थना सिंह, असीस सिंह सहगल व मणिका जैन तथा अर्णव गुप्ता को 50,000 रुपये की छात्रवृत्ति दी। इन तीनों स्ट्रीम के शीर्ष चार विद्यार्थियों तथा सिटी टॉपर संपन्न निगम को गोविंद हरि सिंहानिया स्कॉलरशिप अवार्ड के अंतर्गत 5.50 लाख की धनराशि की छात्रवृत्ति दी। नीट 2024 में चयनित नयनी जायसवाल व श्रेया चौधरी, क्लैट 2023-24 में चयनित शांभवी माथुर, सीए फाइनल 2024 में सफलता प्राप्त करने के लिए पार्थ त्रिपाठी को पुरस्कृत किया गया। कार्यक्रम का संचालन प्रधानाचार्या भावना गुप्ता ने किया।

शिक्षक भी हुए सम्मानित
विद्यालय में 10 वर्षों का कार्यकाल सफलतापूर्वक पूर्ण करने पर महक सियाल, ममता कपूर, रश्मि गिडवानी व नेहा मिश्रा को सम्मानित किया गया। बेस्ट टीचर अवार्ड कीर्ति शर्मा को दिया गया। अभिराम तिवारी (कक्षा 6) को स्वरचित पुस्तक लास्ट कार्नर ऑफ द यूनिवर्स, अनुष्का शर्मा (कक्षा 8) को पुस्तक व्हीस्पर द नेचर तथा अविका सिंह (कक्षा 12) को पुस्तक एनिथिंग गुड को मनोरमा गोविंद हरि सिंहानिया फेलोशिप फॉर इन्सपायरिंग ऑथर अवार्ड 2023-24 से अलंकृत किया गया।
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