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जबरन धर्म परिवर्तन मामला: नाम बदलकर निकाह, तीन मामलों में युवतियों ने पति के पक्ष में दिए बयान

Tue, 24 Nov 2020 04:22 PM IST
प्रभापुंज मिश्रा न्यूज डेस्क, अमर उजाला, कानपुर
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निकाह - फोटो : amar ujala
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जबरन धर्म परिवर्तन के मामलों की जांच कर रही एसआईटी ने सोमवार को आईजी रेंज कानपुर को रिपोर्ट सौंपी है। जांच में सामने आया कि आरोपियों ने नाम बदलकर युवतियों को अपने जाल में फंसाया है। फिर शादी के बाद पहचान सामने आने पर जबरन धर्म परिवर्तन का दबाव बनाया है। विरोध पर युवतियों को प्रताड़ित भी किया।
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जांच में 11 केसों में साक्ष्य मिले हैं जिसके आधार पर पुलिस ने इन केसों में चार्जशीट लगा आरोपियों को जेल भेज दिया है। वहीं, तीन केसों में युवतियों द्वारा मर्जी से धर्म परिवर्तन कर शादी करने की बात सामने आई है। इसलिए इन केसों को बंद कर दिया गया है। करीब दो माह पहले अलग-अलग थानों से इस तरह के छह मामले सामने आए थे। जिसमें परिजनों ने जबरन धर्म परिवर्तन का आरोप लगाया था।

आईजी मोहित अग्रवाल ने बताया कि कुछ ही दिन बाद इन केसों की संख्या 14 हो गई। इसलिए उन्होंने एसपी साउथ दीपक भूकर की निगरानी में एसआईटी गठित की थी। सोमवार को एसआईटी ने आईजी को रिपोर्ट सौंपी। जांच में 11 केसों में आरोप सही मिले। पीड़िताओं के कोर्ट में बयान कराए, सभी साक्ष्यों को जुटाया गया। उसके बाद इन सभी में चार्जशीट लगा दी। साथ ही सभी आरोपियों को जेल भी भेज दिया। आईजी ने बताया कि कुछ तथ्य और सामने आए हैं। जिसके आधार पर तहकीकात जारी है।
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इन सभी ने बिछाया था जाल, गए जेल
एसपी साउथ के मुताबिक बाबूपुरवा थाने में दर्ज केस में आरोपी सलमान, नौबस्ता में शाहरुख, गोविंद नगर में सद्दाम, चकेरी में आदिल, नौबस्ता में मोहम्मद ओवैश, नौबस्ता में ही फतेह खान, गोविंदनगर के दूसरे केस में नफीस, कल्याणपुर में शाहरुख, पनकी से मोहसिन उर्फ समीर खान और फैसल और नौबस्ता से एक अन्य केस में मुख्तार अहमद को जेल भेजा है। नौबस्ता से एक और आरोपी आमिर को जेल भेजा है। ये सभी मामले एक साल के भीतर के हैं। 

पति के पक्ष में दिए बयान, पुलिस ने तीन में लगाई एफआर
किदवई नगर में दर्ज किए गए केस में शालिनी यादव ने कोर्ट में बयान दिया कि उसने अपनी मर्जी से शादी की है। उसको पता था कि पति मुस्लिम है। अपनी इच्छा से धर्म परिवर्तन किया। इसी तरह किदवई नगर के दूसरे में केस में रिया उर्फ हेमा ने भी किसी तरह की जबरदस्ती या धोखाधड़ी से इनकार किया। वहीं, फजलगंज में दर्ज केस में स्नेहा कुमारी ने कहा कि सरताज से उसने अपनी मर्जी से शादी की है। लिहाजा इन केसों को बंद कर दिया गया। 

एसआईटी ने 14 मामलों की जांच की। तीन मामलों में फाइनल रिपोर्ट लगाई गई है। अन्य में आरोपों के संबंध में साक्ष्य मिले हैं। जिसमें धोखाधड़ी, दुष्कर्म, जबरन धर्म परिवर्तन कराने संबंधी साक्ष्य शामिल हैं। इसलिए इसमें चार्जशीट लगा आरोपियों को जेल भेजा गया है। अगर आगे कोई केस आता है तो उसकी भी जांच कराई जाएगी।
मोहित अग्रवाल, आईजी रेंज कानपुर
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