शिवराजपुर ( बिल्हौर) ब्लॉक के कमालपुर खोदन गांव में स्थित गोशाला में गोवंशों की हालत बेहद दयनीय है। ग्रामीणों का आरोप है कि यहां पर चारे, पानी के अभाव और इलाज न मिलने के कारण पांच से अधिक गोवंशों ने दम तोड़ दिया है। मामले की जानकारी मिलने पर मुख्य विकास अधिकारी ने ग्राम विकास अधिकारी को निलंबित कर दिया है। रविवार को मुख्य चिकित्साधिकारी की टीम भी माैके पर जाकर जांच करेगी।
गांव के ही राम किशोर, रंजीत, ओमप्रकाश, रामेंद्र, सोहन ने बताया कि गोशाला में रोजाना एक-दो गाेवंशों की मौत हो रही है। अभी तक कई मवेशी दम तोड़ चुके हैं। एक दर्जन से ज्यादा बीमार हैं। यहां पर पशु चिकित्सक की भी तैनाती नहीं है। मृत गोवंशों को चुपचाप दफना दिया जा रहा है। इनके अवशेष गोशाला में पड़े रहते हैं। कई पशु इलाज के अभाव में जिंदगी और मौत से जूझ रहे हैं। एक साथ पांच गोवंशों के मृत पड़े होने की सूचना मिलने पर पहुंचे शनिवार को गोशाला पहुंचे बजरंग दल व गोरक्षा वाहिनी के कार्यकर्ताओ ने जमकर प्रदर्शन किया। गौ रक्षा प्रमुख दीपक ठाकुर, अर्पित दुबे ने इस संबंध में संबंधित विभाग के अधिकारियों से भी बात की।
गोशाला गोवंशों ने तोड़ा दम
- फोटो : अमर उजाला
दीपक ठाकुर का कहना है कि शनिवार को वह यहां पहुंचे तो पांच मवेशियों की मौत की बात सामने आई। उनके कंकाल भी वहां पड़े नजर आए। उन्होंने ग्राम पंचायत सचिव और प्रधान पर लापरवाही का आरोप लगाया। सीडीओ दीक्षा जैन ने बताया कि मामले की जानकारी पर खंड विकास अधिकारी बलराम सिंह और पशु चिकित्साधिकारी अजय निरंजन ने गोशाला का निरीक्षण किया। यहां 361 गोवंश मिले। एक गोवंश की शनिवार सुबह मौत हुई है। परिसर में कीचड़ भरा हुआ है। साफ-सफाई भी नहीं कराई जाती। अपर्याप्त प्रबंधन और लापरवाही पर ग्राम विकास अधिकारी राकेश झा को निलंबित करते हुए विभागीय कार्रवाई के निर्देश दिए हैं।
गोशाला गोवंशों ने तोड़ा दम
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करूंगा निरीक्षण, दोषी पर होगी कार्रवाई
इतने दिनों तक आखिर यहां पर गोवंशों की देखभाल में क्यों लापरवाही बरती गई। रविवार को मौके पर जाकर निरीक्षण करूंगा। जो भी दोषी पाया जाएगा, उसके खिलाफ कार्रवाई की जाएगी। - ईश्वर देवनारायण चतुर्वेदी, मुख्य चिकित्सा अधिकारी