होटल ब्रिज में प्रेस वार्ता करतीं प्रिंसिपल अंशु टंडन
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मुझे हर मौके पर ब्रिगेडियर नवीन सिंह ने बेइज्जत किया है। पूरे स्टाफ के सामने मुझे धमकी दी। मुझ पर एक ही जगह से यूनिफार्म, स्टेशनरी लेने का दबाव बनाया गया। जवानों को मेरे घर पर भेजकर मुझे मानसिक रूप से प्रताड़ित किया। मुझ पर घर खाली करने का भी दबाव बनाया गया। यह आरोप आर्मी पब्लिक स्कूल, कानपुर कैंट की प्रिंसिपल अंशु टंडन ने होटल ब्रिज में प्रेस वार्ता में लगाए।
उन्होंने कहा कि ब्रिगेडियर के मनमाने रवैये और मानसिक प्रताड़ना की शिकायत आला अधिकारियों से की गई, लेकिन कोई सुनवाई नहीं हुई। आर्मी स्कूल की प्रिंसिपल अंशु टंडन ने प्रबंध समिति के अध्यक्ष ब्रिगेडियर नवीन सिंह पर मनमानी करने का आरोप लगाते हुए गुरुवार को अपने पद से इस्तीफा दे दिया था। शुक्रवार को प्रेसवार्ता में अंशु ने बताया कि उन्होंने 2007 में प्रिंसिपल के पद पर ज्वाइनिंग की थी।
मना करने पर प्रताड़ित किया
डेमो पिक
तब से अभी तक किसी भी अध्यक्ष से कभी कोई विवाद नहीं हुआ। छात्र संख्या भी 1150 से बढ़कर 2450 हो गई। जनवरी 2018 में ब्रिगेडियर नवीन सिंह के प्रबंध समिति का पद संभालते ही दिक्कतेें शुरू हो गईं। उन्होंने बताया कि प्रबंध समिति में अध्यक्ष, स्टाफ आफिसर, जीई, एक केवी और एक एयरफोर्स के प्रिंसिपल, दो शिक्षक, दो अभिभावक और मेंबर सेक्रेटरी होते हैं। सभी के मत को ध्यान में रखकर ही स्कूल के फैसले लिए जाते हैं। लेकिन हर बार ब्रिगेडियर मनमाने तरह से काम करते रहे।
31 मार्च को 25 संविदा अध्यापकों का कार्यकाल समाप्त हो रहा था। उनके स्थान पर नियुक्ति के लिए प्रबंध तत्र के पास सूचना भेजी लेकिन कोई सुनवाई नहीं हुई तो मजबूरी में दैनिक भत्ते पर शिक्षकों को रखना पड़ा। फरवरी में होने वाली फाइनेंशियल मीटिंग मई में हुई। अभी तक बच्चों के पास न तो आई-कार्ड है और न ही डायरी। बजट अभाव में जब डायरी नहीं मिली तो ई-डायरी की व्यवस्था की गई। मुझसे कहा कि बच्चों को आदेश करें कि एक ही दुुकान से यूनिफार्म, खरीदें। मना करने पर प्रताड़ित किया।
किसी का भी सिर कलम करा सकता हूं
अंशु का आरोप है कि 18 सितंबर को ब्रिगेडियर नवीन सिंह स्वयं स्कूल में आए और टीचर्स के सामने ही मुझे अपमानित किया। बोले, किसी का भी सिर कलम कर सकता हूं। अंशु का कहना है कि इसकी पूरी रिकार्डिंग मेरे पास सबूत के रूप में है। इस घटना के बाद से ही मैंने इस्तीफा दे दिया।