फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

फजलगंज हत्याकांड: वारदात के तीन घंटे बाद पहुंचे इंस्पेक्टर क्राइम, एसीपी से बोले लाइन हाजिर करवा दो

Mon, 18 Oct 2021 10:25 AM IST
प्रभापुंज मिश्रा न्यूज डेस्क, अमर उजाला, कानपुर

सार

कानपुर में कमिश्नरी लागू होने के बाद से कानून-व्यवस्था बेहतर करने, थानेदार को एक दिन का अवकाश देने समेत कई अन्य अहम कारणों की वजह से प्रत्येक थाने में एक अतिरिक्त इंस्पेक्टर की तैनाती की गई है।
विज्ञापन
सांकेतिक तस्वीर
विज्ञापन

विस्तार
वॉट्सऐप चैनल फॉलो करें

कानपुर में मेडिकल स्टोर कर्मचारी आशीष अग्निहोत्री हत्याकांड में फजलगंज थाने के इंस्पेक्टर क्राइम उमेश यादव ने लापरवाही की सारी हदें पार कर दीं। वारदात के तीन घंटे बाद वह घटनास्थल पहुंचे। जब एसीपी नजीराबाद संतोष कुमार सिंह ने देरी से पहुंचने पर सवाल जवाब किए और फटकारा तो उनसे बोले कि लाइन हाजिर करवा दो।
विज्ञापन


इसके अलावा आप कर भी क्या सकते हैं। एसीपी ने इंस्पेक्टर के बिगड़े बोल को लेकर उच्चाधिकारियों से शिकायत भी की है। कमिश्नरी लागू होने के बाद से कानून-व्यवस्था बेहतर करने, थानेदार को एक दिन का अवकाश देने समेत कई अन्य अहम कारणों की वजह से प्रत्येक थाने में एक अतिरिक्त इंस्पेक्टर की तैनाती की गई है।

फजलगंज थाने में अतिरिक्त इंस्पेक्टर के पद पर उमेश यादव तैनात हैं। वह इंस्पेक्टर क्राइम हैं। दर्शनपुरवा हत्याकांड रात करीब दस बजे हुआ। थानेदार से लेकर डीसीपी तक मौके पर थे लेकिन इंस्पेक्टर उमेश यादव रात करीब एक बजे वहां पहुंचे। एसीपी नजीराबाद संतोष सिंह ने उनसे कहा कि आपके क्षेत्र में हत्या की घटना हो रही है।
विज्ञापन
विज्ञापन

आप इंस्पेक्टर क्राइम हैं और तीन घंटे बाद आ रहे हो। कुतर्क करने पर एसीपी ने उनको फटकारा। तब उमेश यादव ने कहा कि लाइन हाजिर करवा दो। पुलिस कमिश्नर असीम अरुण ने बताया कि मामले की शिकायत मिली है। जांच की जा रही है। जल्द कार्रवाई की जाएगी। प्रांशु अमेजॉन कंपनी में सुपरवाइजर है। शिवा व नितेश इसी कंपनी के डिलीवरी ब्वॉय हैं। 

पुलिस का मुखबिर है हिस्ट्रीशीटर
हत्याकांड में गिरफ्तार वीरू व अनिल नाटी हिस्ट्रीशीटर हैं। दोनों पुलिस के कारखास हैं। उनके लिए मुखबिरी करते हैं। इसलिए उनको शह मिली हुई थी। लोगों पर रौब भी गांठते थे। एक बार एक इंस्पेक्टर को ही फोन कर अभद्रता की थी। तब उस पर शांति भंग की कार्रवाई की गई थी। 

पूरा मोहल्ला है त्रस्त, खुलेआम बेचते हैं ड्रग्स 
हत्याकांड में जितने भी आरोपी जेल गए हैं ये सभी अपराधी किस्म के हैं। पूरा मोहल्ला इनसे त्रस्त रहा है। खुलेआम इलाके में चरस, स्मैक बेचते थे। इससे पुलिस पर भी सवाल खड़े होते हैं। आखिर चौकी व थाने की पुलिस क्या करती है। एडिशनल सीपी आकाश कुलहरि का कहना है कि सभी का आपराधिक इतिहास खंगाला जा रहा है। वीरू आदि पहले भी हत्या में जेल जा चुके हैं। ऐसी जानकारी मिली है। गिरोह पर गैंगस्टर लगाया जाएगा।
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें