जुलूस निकाल धार्मिक भावनाओं को ठेस पहुंचाने के मामले में जेल गए मौलाना समेत 19 आरोपियों को जमानत मिली है। पुलिस मामले में फरार छह आरोपियों को चिन्हित करने में जुटी है। नेपाल प्रांत महोत्री जिला गौसाला थाना क्षेत्र के सोनमा निवासी मौलाना फिरोज आलम गाजीपुर कस्बे की बड़ी मस्जिद का इमाम रहा है। नेपाल मूल का होना छिपाकर यहां का नागरिक बनने और पासपोर्ट जारी कराने के मामले में 2021 में मौलाना की गिरफ्तारी हुई थी।
मौलाना के खिलाफ धर्मपरिवर्तन का भी मामला दर्ज हुआ था। हाईकोर्ट इलाहाबाद से जमानत के बाद मौलाना चार जनवरी को जेल से छूटा था। जेल से छूटने के बाद गाजीपुर कस्बे में आतिशबाजी के साथ जश्न मनाया गया। मजहबी नारे लगाकर धार्मिक भावनाओं का ठेस पहुंचाने का वीडियो वायरल हुआ था। पुलिस ने मौलाना समेत गाजीपुर कस्बे के 19 लोगों केा गिरफ्तार कर 25 पर मुकदमा दर्ज किया था। धाराएं जमानतीय होने पर एसडीएम कोर्ट में पेश किया था। कोर्ट ने मौलाना समेत सभी को जेल भेजा था। थानाध्यक्ष प्रमोद मौर्या ने बताया कि आरोपियों की जमानत हुई है। उन पर नजर रखी जा रही है। फरार छह लोगों को चिन्हित किया जा रहा है।