रेलवे के अधिकारी और पुलिस इस पूरे मामले में किसी तरह की ढिलाई बरतना नहीं चाह रही है। पुलिस की नजर ऐसे लोगों पर है, जो शराब के शौकीन शरारती किस्म के हैं। हालांकि थाना पुलिस इस मामले में कुछ भी बोलने को तैयार नहीं है।
आरपीएफ थाने में इरादतन कार्य या चूक से रेल यात्रियों की सुरक्षा को खतरे में डालने की धारा 153 और ट्रेन के संचालन में बाधा डालने की धारा 174ए के तहत मुकदमा दर्ज किया गया है।
आरपीएफ के अफसरों ने इस मुकदमे की जांच कन्नौज थाने के इंस्पेक्टर ओपी मीना को दी है। इंस्पेक्टर ओपी मीना साथियों संग जांच मिलने के बाद से घटनास्थल पर डटे हुए हैं। आरपीएफ के अधिकारी आसपास के कई गांवों में संदिग्धों पर नजर रखे हैं।
इंस्पेक्टर ओपी मीना ने बताया कि वह मामले की जांच कर रहे हैं। कुछ संदिग्ध हाथ लगे हैं। मामला सिविल पुलिस देख रही है। कायमगंज थाना पुलिस पूरे मामले का शीघ्र खुलासा करेगी। उनके स्तर से विभागीय कार्रवाई की जा रही है। रेल और रेल यात्रियों को नुकसान पहुंचाने वाले बख्शे नहीं जाएंगे।