चालक का कहना है कि दूसरे दिन यानी 13 अक्तूबर को एआरएम ने फोन किया और कहा- ‘गाड़ी कहां खड़ी की है, इतना...आदमी है तू, तूने गाड़ी ब्रेक भी सही नहीं करा पाई, कंडक्टर से बात करा अपने, कौन है कंडक्टर, फौजी की.... गोली मार दूंगा, ...कौन सा है इतना बड़ा..., काम कल कराना चाहिए था। ये 1.17 मिनट का ऑडियो सोशल मीडिया पर वायरल हुआ।
चालक और परिचालक को गालीगलौज करने तथा जान से मारने की धमकी देने के बाद चालक-परिचालकों में दहशत है। शुक्रवार को यहां पहुंचे चालक रामशरन ने निगम के निदेशक, आरएम समेत अन्य अफसरों से भी लिखित शिकायत की है। उसने कहा कि वह अपनी नौकरी पूरी ईमानदारी से कर रहा है।
उनके साथ अभद्र भाषा का प्रयोग करने से असुरक्षा और मानहानि हुई है। चालक ने बताया कि वह और उसका परिवार एआरएम की धमकी के बाद आशंकित हैं। एआरएम कुमार अंकुर के मोबाइल पर बात करने का प्रयास किया गया, लेकिन उन्होंने फोन रिसीव नहीं किया। उनके कार्यालय में जाकर देखा गया तो वह वहां नहीं मिले। इससे उनका पक्ष स्पष्ट नहीं हो सका। पता चला है कि वह इटावा में एक बैठक में भाग लेने गए हैं।
‘मेरे संज्ञान में यह मामला नहीं है। मैं एआरएम से बात करूंगा। यदि लिखित शिकायत आती है, तो इस मामले की जांच कराकर दोषियों पर कार्रवाई करूंगा।’
एके झा, आरएम, इटावा परिक्षेत्र