कानपुर देहात। दीपावली पर पटाखों के शौकीन खूब खरीदारी कर रहे हैं। जिले के 30 प्रमुख कस्बों में 158 आतिशबाजी की दुकानें सज गई हैं। करीब दो करोड़ रुपये से अधिक की आतिशबाजी बिकने का अनुमान है। लोग आसमानी आतिशबाजी के साथ फुलझड़ी और अनार अधिक पसंद कर रहे हैं। अकबरपुर बाजार में आतिशबाजी की 15 दुकानें सज गई। सुबह भीड़ कम रही लेकिन दोपहर होते ही ग्राहक पहुंचने लगे। यहां बच्चों को लेकर बड़े पहुंचे। कई महिलाएं भी बच्चों को आतिशबाजी दिलाने पहुंची। महताब, अनार, फुलझड़ी और चरखी का क्रेज बच्चों में दिखा। आसमानी और स्काई शॉट वाले पटाखे लोगों की पसंद बने हैं। इधर कम आवाज वाले पटाखे का क्रेज भी बरकरार है। इस बार माचिस गन भी बच्चों की पसंद बनी है। अकबरपुर में अकेले 50 लाख रुपये के पटाखा कारोबार का अनुमान है। जानकारों का कहना है कि जिले के कई हिस्सों से लोग अकबरपुर में पटाखे खरीदने आते हैं। इसके साथ ही पुखरायां, डेरापुर, झींझक, रसूलाबाद, कहिंजरी, असालतगंज, शिवली व रूरा में भी पटाखों की दुकानों पर ग्राहक पहुंचे। आतिशबाजी दुकानदार ईशान ने बताया कि लोग तेज धमाके वाले पटाखे अब नहीं खरीदते हैं। अब लोग रोशनी और आसमानी पटाखे खरीदना पसंद करते हैं। बच्चे फुलझड़ी और अनार पसंद कर रहे हैं। महताब और लटाई पटाखे भी बिक रहे हैं। सलीम ने बताया कि महंगाई है लेकिन त्योहार पर लोग पटाखे फोड़ कर खुशी मनाते हैं। इसकी वजह से कारोबार चल रहा है। जानकारों का मानना है कि इस बार करीब दो करोड़ से अधिक का पटाखा कारोबार रहेगा।
फोटो-5 आतिशबाजी दुकानदार को बिजली लाइन शिफ्ट करने के निर्देश देते मुख्य अग्निशमन अधिकारी।
अग्निशमन अधिकारियों ने जांचे सुरक्षा इंतजाम
सुरक्षा मानकों के मद्देनजर आबादी से दूर मैदान में पटाखा दुकानें लगाई गई हैं। अकबरपुर में इंटर कॉलेज मैदान पर पटाखे की दुकानें लगी हैं। मुख्य अग्निशमन अधिकारी सुरेंद्र सिंह, अग्निशमन अधिकारी कृष्ण कुमार ने यहां निरीक्षण कर सुरक्षा इंतजाम जांचे। यहां पानी के दो टैंकर भी खड़े कराए गए हैं। इधर पटाखा दुकानों की सीलिंग से होकर निकली बिजली लाइन को शिफ्ट कराया गया। दोपहर में रूरा पहुंचे अग्निशमन अधिकारियों ने चेयरमैन से वार्ता के बाद प्राइमरी पाठशाला में खाली परिसर में पटाखा दुकानें लगाने की सहमति दी। यहां छोटा फायर टैंकर भी उपलब्ध रहेगा। जबकि नगर पंचायत की ओर से पानी के टैंकर खड़े कराए गए।