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Unnao: गंगा में डूब गए स्वास्थ्य विभाग के डिप्टी डायरेक्टर, बचाने के लिए रुपये मांगने का आरोप

Sat, 31 Aug 2024 11:11 PM IST
शिखा पांडेय न्यूज डेस्क, अमर उजाला, उन्नाव

सार

गंगा में स्वास्थ्य विभाग के डिप्टी डायरेक्टर डूब गए। गोताखोरों पर उन्हें बचाने के लिए रुपये मांगने का आरोप है। घटना कानपुर बिल्हौर के नानामऊ घाट की है।
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सांकेतिक तस्वीर - फोटो : सोशल मीडिया
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विस्तार
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वाराणसी में स्वास्थ्य विभाग के उपनिदेशक कानपुर के बिल्हौर में नानामऊ घाट पर गंगा में डूब गए। उनके साथ ही स्नान कर रहे दो दोस्तों ने उन्हें बचाने का प्रयास किया लेकिन सफल नहीं हुए। दोस्तों का आरोप है कि उन्होंने पास में मौजूद गोताखोरों से मदद मांगी तो वह रुपये मांगने लगा। ऑनलाइन रुपये ट्रांसफर करने के बाद उसने तलाश की लेकिन कुछ पता नहीं चला। देर शाम तक बिल्हौर थाने की पुलिस, पीएसी और एसडीआरएफ उनकी तलाश में जुटी रही।
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बेहटामुजावर थाना क्षेत्र के ग्राम कबीरपुर खंभौली निवासी रमेशचंद्र सिंचाई विभाग में इंजीनियर थे। रिटायर होने के बाद से वह लखनऊ इंदिरानगर में मकान बनाकर रहते हैं। उनके बेटे आदित्यवर्धन सिंह (44) स्वास्थ्य विभाग में वाराणसी में उपनिदेशक हैं। आदित्य वर्धन की पत्नी श्रेया महाराष्ट्र के अकोला जिले में न्यायाधीश के पद पर तैनात हैं, जबकि उनके चचेरे भाई अनुपम सिंह बिहार में मुख्यमंत्री के सचिव हैं। शनिवार सुबह आदित्यवर्धन, बांगरमऊ क्षेत्र के ग्राम पतसिया निवासी दोस्त योगेश्वर मिश्र और लखनऊ के इंदिरानगर निवासी साथी प्रदीप तिवारी के साथ अपनी कार से गंगा स्नान करने कानपुर के बिल्हौर थाना क्षेत्र के नानामऊ गंगाघाट आए थे।

प्रदीप ने बताया कि गंगा स्नान करने के बाद उन तीनों को पैतृक गांव कबीरपुर खंभौली जाना था। तीनों लोग सुबह करीब छह बजे नानामऊ घाट पर गंगा स्नान करने लगे। नदी का बहाव काफी तेज होने से अचानक आदित्यवर्धन का पैर फिसला और वह गहराई में चले गए। दोनों ने लोगों ने उन्हें बचाने का प्रयास किया लेकिन सफल नहीं हो सके। दोस्त प्रदीप के मुताबिक उन्होंने घाट पर मौजूद एक गोताखोर से मदद मांगी लेकिन उसने दस हजार रुपये की मांग की।
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रुपये उसके खाते में ऑनलाइन ट्रांसफर करने के बाद गोताखोर ने तलाश की लेकिन तब तक बहुत देर हो चुकी थी। मौके पर बिल्हौर थाना पुलिस व अन्य अधिकारी पहुंचे। गोताखोरों की मदद से तलाश शुरू कराई गई। कानपुर कमिश्नर ने एसडीआरएफ और पीएसी की रेस्क्यू टीम को भेजा। टीम मोटर बोट से उनकी तलाश कर रही है। हालांकि देर शाम तक कुछ पता नहीं चला।
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