अल्लीपुर। मुगल मार्ग पर सोमवार रात हुए हादसे में पुलिस की बड़ी लापरवाही सामने आई है। पता चला है कि इस मार्ग पर चार साल से बड़े वाहन प्रतिबंधित हैं लेकिन टोल बचाने के लिए वाहन चालक पुलिस की मिलीभगत से रफ्तार भर रहे थे। हादसे में दो युवकों की मौत के बाद पुलिस जागी है और सीओ यातायात ने बड़े वाहनों के गुजरने पर सख्ती से रोक लगा दी है। इसके अलावा अपनी रिपोर्ट एसपी को दी है, जिन्होंने बिंदकी सीओ को पूरे मामले की जांच सौंपी है।
बड़ौरी में टोल देने से बचने के लिए प्रयागराज, कानपुर और बांदा से आने व जाने वाले वाहन मुगल मार्ग (बिंदकी-कुंवरपुर रोड) से होकर गुजरते हैं। करीब चार साल पहले तत्कालीन जिलाधिकारी ने राजस्व को हो रहे नुकसान को देखते हुए इस मार्ग पर बड़े वाहनों के गुजरने पर रोक लगा दी थी। बकायदा, एक बड़ा बोर्ड भी सड़क किनारे लगाया गया था, जो आज भी लगा है।
लेकिन बिंदकी और मलवां पुलिस की लापरवाही से यह आदेश ज्यादा दिन नहीं टिक सके और भारी वाहनों ने फिर से इस मार्ग पर रफ्तार भरनी शुरू कर दी। सोमवार रात ओखरा कुंवरपुर गांव निवासी बाइक सवार राघवेंद्र पटेल (28) व सौरभ कुमार (25) की तेज रफ्तार ट्रक की चपेट में आने से मौत हुई तो मामला गरमा गया।
परिजनों और ग्रामीणों ने जाम लगा दिया और पुलिस की मिलीभगत से बड़े वाहनों के यहां से गुजरने का आरोप लगाया। सीओ सिटी (यातायात का भी चार्ज) संजय सिंह किसी तरह उन्हें शांत कराया और जांच की तो पाया कि ग्रामीणों के आरोप सही हैं। उन्होने अपनी रिपोर्ट सोमवार रात ही एसपी सतपाल अंतिल को दे दी। जिन्होंने तुरंत इसकी जांच सीओ बिंदकी के हवाले कर दी। सीओ ने रिपोर्ट में मलवां थाने के सिपाहियों पर लापरवाही का आरोप लगाया है।