कोर्ट के आदेश के बावजूद वाहन चोरी की एफआईआर दर्ज न किए जाने के मामले में गुरुवार को पुलिस कमिश्नर आरके स्वर्णकार व छावनी थाना प्रभारी अजय कुमार सिंह हाईकोर्ट में हाजिर हुए। कमिश्नर की ओर से वाहन चोरी की रिपोर्ट दर्ज किए जाने के साथ ही लापरवाही करने वाले थाना प्रभारी के खिलाफ भी रिपोर्ट दर्ज किए जाने की जानकारी शपथपत्र के साथ दी गई। इस पर न्यायमूर्ति मनोज बजाज ने याचिका का निस्तारण कर दिया।
कचहरी से घर लौटते समय एक अगस्त को अधिवक्ता रविकांत उत्तम की कार जीटी रोड पर खराब हो गई थी। कार खड़ी कर फजलगंज स्थित कार कंपनी के कार्यालय गए और जब लौटकर आए तो कार नहीं थी। रिपोर्ट दर्ज न होने पर रविकांत ने कोर्ट में प्रार्थना पत्र दिया। कोर्ट ने कैंट थाने को एफआईआर दर्ज करने के आदेश दिए लेकिन कैंट थाने से त्योहार में फोर्स की व्यस्तता के चलते एफआईआर दर्ज न कर पाने की रिपोर्ट कोर्ट भेज दी गई थी। इस पर रविकांत ने हाईकोर्ट में याचिका दाखिल की थी।
हाईकोर्ट ने छावनी थाना प्रभारी व पुलिस कमिश्नर को तलब किया था। गुरुवार को दोनों हाईकोर्ट पहुंचे और पक्ष रखा। हाईकोर्ट ने थाना प्रभारी के खिलाफ जांच में जल्द कोई निष्कर्ष निकालने के निर्देश देते हुए याचिका का निस्तारण कर दिया।