‘यहां सब पूर्व और भूतपूर्व हैं सिर्फ मैं ही वर्तमान हूं। चार बार से सभासद का चुनाव जीतता आ रहा हूं। मुझे बोलने से रोकते हैं। हटो, मुझे इस कार्यक्रम में नहीं बैठना।’
नानराव पार्क में आयोजित कांग्रेस के मनरेगा सम्मेलन में मंच पर बोलने का अवसर न मिलने से खफा सभासद कमल बेबी शुक्ल ने जमकर तेवर दिखाए। मंच पर सांसद संजय सिंह से भिड़ गए और पूर्व केंद्रीय मंत्री श्रीप्रकाश जायसवाल के समाने जमकर खरी खोटी सुनाई।
बोले, भाई साहब! कांग्रेस ऐसे ही थोड़े हार गई, हमारे जैसे जमीन के कार्यकर्ताओं को अवसर नहीं देने की वजह से यह हाल हुआ। सम्मेलन में प्रधानों और मजदूरों की संख्या जितनी थी उससे कहीं ज्यादा कांग्रेसी भी थे।
हर कोई मंच पर जगह पाने और संबोधित करने की फिराक में था। राजकुमार, कृपेश त्रिपाठी, केके तिवारी, भूधर नारायण, मदनमोहन, मोहम्मद उमर, अभिजीत सांगा, नीतम सचान इसी तरह एक के बाद एक लोगों को बोलने के लिए आमंत्रित किया जाता रहा।
मंच पर संबोधन के लिए नहीं बुलाया जाना बेबी को यह बर्दाश्त नहीं हुआ। वे सांसद संजय सिंह से भिड़ गए, फिर मंच से उतर कर बाहर निकल गए।
बाद में कुछ लोग उनको पकड़कर दोबारा मंच पर लाए, उनका नाम मंच से बोला गया, तब जाकर उनका नाटक बंद हुआ।
जिस तरह से एक परिवार में लोग आपस में कभी- कभार झगड़ बैठते हैं, उसी तरह से पार्टी के भीतर भी ऐसा चलता रहता है। इसे ज्यादा गंभीरता से लेने की जरूरत नहीं है।
- संजय सिंह, सांसद कांग्रेस