कोरोना वायरस की चपेट में आकर पूरी दुनिया में सवा लाख से ज्यादा लोगों की मौत हो चुकी है। रूस ने भी लॉकडाउन लागू कर रखा है। यहां चिकित्सा और फूड इंडस्ट्री को छोड़कर सभी कारोबार बंद है। स्कूल, कॉलेज और यूनिवर्सिटी बंद है।
रूस की राजधानी मास्को में अभी तक 15000 कोरोना पॉजिटिव मरीज मिल चुके हैं। यहां की सरकार ने लॉकडाउन का उल्लंघन करने पर पांच वर्ष की सजा का प्रावधान लागू किया है। कानपुर वालों से अपील है कि वह अपने शहर में मास्को जैसे हालात न बनाएं। लॉकडाउन का हरहाल में पालन करें ताकि इस महामारी से जीता जा सके। यह कहना है रूस के उल्यानोव्स्क शहर की स्टेट यूनिवर्सिटी से एमबीबीएस में एमडी की पढ़ाई कर रहे लोकेंद्र यादव का। इस वक्त वह रूस में फंसे हैं।
बिधनू के रमईपुर ग्राम प्रधान संग्राम सिंह यादव के बेटे लोकेंद्र ने अमर उजाला के जरिए शहर के लोगों से अपील की है कि सरकार की गाइडलाइन का पालन हर हाल में करें। घर पर ही रहकर कोरोना से जीत सकते हैं। लॉकडाउन का उल्लंघन न करें। आपकी जरा सी लापरवाही कानपुर में मास्को जैसे हालात पैदा कर सकती है। अब मास्को में लोगों ने खुद को घरों में कैद कर बाहर निकलना बंद कर दिया है।
रूस में तेजी से फैल रहे कोरोना वायरस से अब तक 30 हजार से ज्यादा लोग संक्रमित हो चुके हैं। 250 लोगों की मौत हो चुकी है। लॉकडाउन में विशेष जरूरत पर फुल बॉडी किट पहनकर ही बाहर जाने की अनुमति है। बिना बॉडी किट के निकलने पर भारी जुर्माना वसूला जा रहा है। मेडिकल स्टाफ, पुलिस, उच्च अधिकारियों और कोरोना मरीजों की देखभाल करने वालों को ही विशेष पास दिए गए हैं।