फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

राहत भरी खबर: फेफड़ों तक नहीं पहुंच रहा कोरोना संक्रमण, रिकवरी तेज, एक सप्ताह में निगेटिव हो जा रहे मरीज

Mon, 10 Jan 2022 10:01 PM IST
शिखा पांडेय न्यूज डेस्क, अमर उजाला, कानपुर

सार

प्रभारी एसीएमओ डॉ. सुबोध प्रकाश ने बताया कि संक्रमित जल्दी निगेटिव हो रहे हैं। कुछ तीन-चार दिन में ही निगेटिव हो जा रहे हैं। वैसे होम आइसोलेशन में सात दिन की गाइडलाइन भी आ गई है। जिस दिन व्यक्ति की रिपोर्ट पॉजिटिव आती है, तब से सात दिन जोड़े जाते हैं। 
विज्ञापन
कोरोनावायरस - फोटो : pixabay
विज्ञापन

विस्तार
वॉट्सऐप चैनल फॉलो करें

कोरोना की तीसरी लहर की रफ्तार पिछली दो लहरों से तेज है। हालांकि संक्रमण के तेवर कमजोर हैं। संक्रमित एक सप्ताह के अंदर निगेटिव हो जा रहे हैं। संक्रमण नाक, गला और सांस नली के ऊपरी भाग तक ही प्रभावी हो रहा है। संक्रमण अभी फेफड़ों की गहराई तक नहीं पहुंच पा रहा है।
विज्ञापन


इसी वजह से संक्रमितों का ऑक्सीजन लेवल पर बुरा असर नहीं है। ये तथ्य स्वास्थ्य विभाग की सर्विलांस टीम को मौजूदा संक्रमितों की मॉनीटरिंग में उजागर हुए हैं। हैलट में इस वक्त आठ कोरोना रोगी भर्ती हैं। इनमें कोई लेवल थ्री संक्रमण का नहीं है।

नगर में कोरोना के 702 एक्टिव केस हैं। आठ रोगियों को छोड़कर बाकी का इलाज घर पर चल रहा है। इनकी मॉनीटरिंग करने वाली स्वास्थ्य विभाग की टीमों की रिपोर्ट है कि संक्रमितों का ऑक्सीजन लेवल बहुत प्रभावित नहीं है।
विज्ञापन


कुछ रोगियों की सांस की नली में वायरल संक्रमण के कारण एलर्जी हो गई है। वायरस फेफड़ों में नहीं घुसा है। दूसरी लहर में वायरस फेफड़ों के अंदर जाकर उस बिंदु पर हमला कर रहा था, जहां से खून फेफड़ों से दिल में जाता है। इससे रोगियों को हृदयाघात की दिक्कत हो जा रही थी।

जिला सर्विलांस टीम के प्रभारी एसीएमओ डॉ. सुबोध प्रकाश ने बताया कि संक्रमित जल्दी निगेटिव हो रहे हैं। कुछ तीन-चार दिन में ही निगेटिव हो जा रहे हैं। वैसे होम आइसोलेशन में सात दिन की गाइडलाइन भी आ गई है। जिस दिन व्यक्ति की रिपोर्ट पॉजिटिव आती है, तब से सात दिन जोड़े जाते हैं। 
विज्ञापन
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें