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सीआईएससीई रिजल्ट 2021: सारे बच्चे पास, मेधावी और स्कूल वाले उदास, प्रीबोर्ड के आधार पर मिले अंकों से मेधावी संतुष्ट नहीं

Sat, 24 Jul 2021 10:11 PM IST
शिखा पांडेय न्यूज डेस्क, अमर उजाला, कानपुर

सार

प्रधानाचार्यों का कहना है कि भले ही स्कूलों का पासिंग पर्सेंटेज बढ़ा हो, लेकिन मेधावी छात्रों के नंबर औसत आए हैं।
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सांकेतिक तस्वीर - फोटो : सोशल मीडिया
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विस्तार
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काउंसिल फॉर द इंडियन स्कूल सर्टिफिकेट (सीआईएससीई) ने शनिवार को परिणाम घोषित कर दिया है। इस बार दसवीं और 12वीं के छात्रों को प्री बोर्ड के अंकों के आधार पर नंबर दिए गए हैं।
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प्रधानाचार्यों का कहना है कि भले ही स्कूलों का पासिंग पर्सेंटेज बढ़ा हो, लेकिन मेधावी छात्रों के नंबर औसत आए हैं। आरोप है कि बोर्ड की गलती से जिन छात्रों के प्रीबोर्ड में अच्छे नंबर थे, उन्हें औसत अंक मिले हैं। औसत अंक वाले छात्रों को अच्छे नंबर दे दिए गए हैं। 

बोर्ड के परिणाम में कई खामियां हैं। स्कूल की एक छात्रा को अंग्रेजी भाषा में 98 और साहित्य में 58 नंबर दिए गए हैं। ऐसे कई मेधावी बच्चे हैं, जिनको इसी तरह नंबर दिए गए हैं। देश भर के कई स्कूल परिणाम से नाखुश हैं। सोमवार को कमेटी के साथ बैठक कर काउंसिल को सूचित किया जाएगा। - केवी विंसेट, प्रिंसिपल, हडर्ड स्कूल

स्कूल के कई मेधावी ऐसे हैं जिनके टॉप करने की उम्मीद थी, लेकिन उनको 98 फीसदी अंक से ही संतोष करना पड़ा। कुछ बच्चों ने प्री बोर्ड में बेहतर प्रदर्शन किया था, पांच सालों के परिणाम का रिकॉर्ड भी बेहतर था, फिर भी नंबर कम मिले हैं। कई बच्चे ऐसे हैं जो सितंबर में कुछ विषयों के पेपर दोबारा देंगे। प्रीबोर्ड में औसत अंक पाने वाले बच्चों को फायदा मिला है। - वनिता मेहरोत्रा, प्रिंसिपल, शीलिंग हाउस स्कूल 

रिजल्ट ठीक ही रहा है। स्कूल की ह्यूमैनिटीज की छात्रा के टॉप करने की उम्मीद थी पर उसे 98.75 फीसदी अंक ही मिले हैं। मेधावी बच्चों का नुकसान हुआ है, निश्चित ही अगर वे परीक्षा देते तो परिणाम कुछ अलग ही होता। बोर्ड के मूल्यांकन का आधार संतुष्ट करने वाला नहीं है। यह साफ है कि जिन स्कूलों ने इंटरनल अंकों में कोई छेड़छाड़ नहीं की है, उनको नुकसान हुआ है। - शर्मिला नंदी, निदेशक, डॉ. वीरेंद्र स्वरूप पब्लिक स्कूल 

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