चंद्र ग्रहण (प्रतीकात्मक तस्वीर)
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कोरोना महामारी के बीच साल 2021 का पहला चंद्र ग्रहण 26 मई को पड़ेगा। मगर इसका असर पूरे भारतवर्ष में नहीं दिखाई देगा। पूर्वी भागों में ही यह दिखाई देगा। पंडित केए दुबे पद्मेश ने बताया कि इस दिन अनुराधा नक्षत्र और वृश्चिक राशि पड़ेगी। इस बार का चंद्र ग्रहण उपछाया चंद्र ग्रहण है जो भारत में नहीं दिखाई देगा। इस वजह से सूतक काल मान्य नहीं होगा।
खास बात ये है कि इस दिन वैशाख पूर्णिमा भी पड़ रही है। इसलिए ये चंद्र ग्रहण काफी महत्वपूर्ण होगा। इस ग्रहण का सबसे ज्यादा असर राजनीतिक दलों के लोगों पर पड़ेगा। उनका कहना है कि इस ग्रहण के बाद कोरोना का असर भी कम हो जाएगा। यह ग्रहण उत्तरी अमेरिका, ऑस्ट्रेलिया, कनाडा में भी दिखाई देगा।
राशियों पर पड़ेगा अलग-अलग प्रभाव
मेष : आर्थिक नुकसान पहुंचाएगा।
वृष : मानसिक क्लेश देगा, सम्मान पर चोट पहुंचाएगा।
मिथुन: शारीरिक कष्ट देगा।
कर्क: परिवार में समस्या देगा।
सिंह : मैत्री संबंधों में खटास पैदा करेगा।
कन्या: व्यर्थ का भय अधिक रहेगा।
तुला: अप्रिय समाचार सुनने को मिल सकते हैं।
वृश्चिक: स्वास्थ्य के प्रति सचेत रहना होगा।
धनु : खर्च अधिक कराएगा।
कर्क: आर्थिक लाभ देगा।
कुंभ- सुख समृद्धि देगा
मीन : धन, सम्मान में वृद्धि देगा।