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जेवरात गायब होने का मामला: लॉकर इंचार्ज का फरार साथी गिरफ्तार, तीन सराफ हिरासत में

Fri, 22 Apr 2022 12:03 AM IST
शिखा पांडेय न्यूज डेस्क, अमर उजाला, कानपुर

सार

आरोपियों ने 11 लॉकरों से करीब चार करोड़ रुपये के जेवरात पार किए हैं। पुलिस ने तमाम कोशिशें की, जिससे अधिक से अधिक जेवरात की बरामदगी हो जाए। मगर बहुत कामयाबी नहीं मिली। लाखों के जेवरात ही बरामद किए जा सके हैं।
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सांकेतिक तस्वीर - फोटो : अमर उजाला
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विस्तार
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सेंट्रल बैंक के लॉकरों से चार करोड़ रुपये के जेवरात गायब होने के मामले में एसआईटी ने लॉकर इंचार्ज के गिरोह में शामिल रमेश को गिरफ्तार कर लिया है। शुक्रवार को अधिकारिक तौर पर इसका खुलासा कर अफसर बरामदगी आदि की जानकारी देंगे। फिलहाल जितने आरोपियों के नाम सामने आए थे उन सभी की गिरफ्तारी हो चुकी है।
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कुछ अन्य की भूमिका जांची जा रही है। एसआईटी ने देर रात तीन सराफ भी हिरासत में लिए हैं। उनसे पूछताछ जारी है। बैंक के 11 लॉकरों से करोड़ों के जेवरात चोरी हुए थे। इसमें बैंक मैैनेजर, लॉकर इंचार्ज, लॉकर मिस्त्री समेत पांच आरोपियों को पुलिस ने गिरफ्तार कर जेल भेजा था।

ये सभी पुलिस कस्टडी रिमांड पर हैं। डीसीपी पूर्वी प्रमोद कुमार ने बताया कि लॉकर इंचार्ज शुभम मालवीय को एक टीम प्रयागराज ले गई थी। वो गुरुवार को वापस आई है। वहां पर कई संपत्तियां उसकी चिह्नित की गई हैं। वहीं कई सराफ के नाम भी सामने आए हैं। इन सभी सराफ की भूमिका जांची जा रही है।
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आरोपी को दबोचा, कल सभी जाएंगे जेल 
पुलिस की एफआईआर में रमेश भी शामिल था। ये लॉकर मिस्त्री का भाई है। जेवरात पारकर ठिकाने लगाने में उसकी भी भूमिका रही है। डीसीपी ने बताया कि गुरुवार को रमेश को पकड़ लिया गया है। शुक्रवार को पुलिस इस संबंध में खुलासा करेगी। वहीं पुलिस कस्टडी रिमांड पर लिए गए आरोपियों की रिमांड अवधि शुक्रवार को खत्म हो रही है। लिहाजा अब उनको जेल भेज दिया जाएगा।

करोड़ों के लूटे जेवरात, न के बराबर हुई बरामदगी
आरोपियों ने 11 लॉकरों से करीब चार करोड़ रुपये के जेवरात पार किए हैं। पुलिस ने तमाम कोशिशें की, जिससे अधिक से अधिक जेवरात की बरामदगी हो जाए। मगर बहुत कामयाबी नहीं मिली। लाखों के जेवरात ही बरामद किए जा सके हैं। हालांकि अफसरों का कहना है कि अभी केस की जांच जारी है। कोशिश है कि विवेचना के दौरान अधिक से अधिक बरामदगी हो जाए।
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