कानपुर में बिठूर के रानी लक्ष्मीबाई घाट पर लगी रानी लक्ष्मीबाई की प्रतिमा गिरकर कई जगह से टूट गई है। प्रतिमा की अनदेखी या दुर्दशा पर किसी का ध्यान नहीं जा रहा है। गुरुवार को जब अमर उजाला ने इसे फोटो के साथ प्रकाशित किया तो अखिलेश यादव ने ट्वीट कर कार्रवाई की मांग की है।
अखिलेश यादव ने ट्वीट कर लिखा 'बिठूर स्थित रानी लक्ष्मीबाई घाट पर रानी लक्ष्मीबाई जी की प्रतिमा अनदेखी व दुर्दशावश गिरकर टूट गयी है या असामाजिक तत्वों द्वारा गिराई गयी है, इस प्रकरण की जांच हो और यथोचित कार्रवाई कर मूर्ति की ससम्मान पुनर्स्थापना की जाए। भाजपा स्वतंत्रता सेनानियों का सम्मान करना कब सीखेगी?'
बिठूर के रानी लक्ष्मी घाट पर पड़ी रानी लक्ष्मी बाई की प्रतिमा
- फोटो : amar ujala
वहीं चंद्रशेखर आजाद कृषि एवं प्रौद्योगिकी विश्वविद्यालय में अराजकतत्वों ने रानी लक्ष्मीबाई की प्रतिमा का हाथ तोड़ दिया। उनके साथ ही कुछ अन्य प्रतिमाओं के साथ छेड़छाड़ की गई हैं। किसी के सिर को क्षतिग्रस्त करने का प्रयास किया गया है तो किसी को अपनी जगह से उखाड़ दिया गया है।
यहां के इंचार्ज का कहना है कि अधिकारियों से कई बार शिकायत की गई है, लेकिन कोई कार्रवाई नहीं हुई। बिजली का कनेक्शन भी काट दिया गया है, जिससे रात के समय अंधेरा रहता है। यहां कई तरह की प्रतिमाएं और पौधे लगे हुए हैं।
विश्वविद्यालय के छात्र-छात्राओं को पौधों की प्रजातियों के बारे में जानकारी दी जाती है। यह पार्क के रूप में विकसित है। पौधों में क्रोटन, डुरंटा, ग्लोडियान, मनोकामना, लवलीना, केतकी, सन ऑफ इंडिया, पाम, चांदनी आदि शामिल हैं। विश्वविद्यालय के मीडिया प्रभारी डॉ. खलील खान ने बताया कि उन्हेंं इस मामले की जानकारी नहीं है।