बिधनू के अटवा मिर्जापुर गांव निवासी मजदूर शिवनाथ पासवान की पत्नी गुड़िया (28) का शव उसके देवर के घर पर मिला। गुड़िया के पेट में दाईं ओर गोली लगी थी और चारपाई पर 315 का तमंचा रखा हुआ था।
थानाध्यक्ष आरएल पांडे के मुताबिक, मायके और ससुराल वालों का कहना है कि गुड़िया ने गोली मारकर आत्महत्या की है लेकिन स्पष्ट वजह नहीं पता चली है। प्रेम संबंध की बात भी सामने आ रही है। देवर फरार है। जांच की जा रही है। देवर के मिलने पर ही कुछ स्पष्ट होगा।
शिवनाथ के भाई दिनेश की पत्नी रामदुलारी ने पुलिस को बताया कि मंगलवार सुबह करीब नौ बजे गुड़िया उनके घर आई थी, उस वक्त घर पर छोटा देवर धर्मेंद्र भी था। सास ससुर काम पर गए हुए थे।
इसी बीच वह घर के बाहर पानी लेने चली आई, कुछ देर बाद ही भीतर से गोली की आवाज आने पर जब वह वापस घर पहुंची तो देखा कि गुड़िया चारपाई पर पड़ी थी और पेट से खून निकल रहा था।
चारपाई पर ही पेट के पास तमंचा पड़ा था। बाद में मौके पर पहुंचे गुड़िया के मायके वालों का कहना है कि देवर धर्मेंद्र की शादी की बात चल रही थी इस पर गुड़िया नाराज थी, जिस कारण चार दिन पहले परिवार में काफी विवाद हुआ था। पति शिवनाथ का कहना है कि उसे भी लग रहा है कि पत्नी ने सुसाइड ही किया है।
इन सवालों के जवाब नहीं
गुड़िया ने देवर के घर जाकर ही क्यों किया सुसाइड
सुसाइड की क्या थी वजह
गुड़िया को तमंचा कहां से मिला
अगर शिवनाथ के भाई दिनेश के घर तमंचा था तो गुड़िया को मिला कैसे
सुसाइड में आमतौर पर गोली कनपटी या फिर सीने में मारी जाती है।
गोली लगने के बाद तमंचा छिटककर गिरना चाहिए, जबकि वह चारपाई पर पेट के पास ही रखा मिला।
देवर धर्मेंद्र क्यों नहीं आ रहा पुलिस के सामने।
गुड़िया के खिलाफ आर्म्स एक्ट भी
तमंचा कहां से आया? इसकी पहेली सुलझाने के बजाय फिलहाल पुलिस ने गुड़िया के खिलाफ ही आर्म्स एक्ट का मामला दर्ज कर लिया है।
अभी आती हूं, बोलकर गई थी अम्मा
गुड़िया के दोनों बच्चों दीपू (5) और अंशिका (2) का कहना है कि अम्मा बोलकर गई थी कि अभी आती हूं, फिर लौटी नहीं। बच्चों की हालत देख पड़ोसियों की भी आंख नम हो गई।
कही देवर से तो नहीं हुआ विवाद
पुलिस सूत्रों की माने तो देवर से भाभी का विवाद भी घटना का कारण भी हो सकता है। फिर वह आत्महत्या या कुछ और।