कानपुर देहात। बेहमई कांड के आरोपी की मौत की आख्या पुलिस की ओर से न आ पाने से सोमवार को मामले की सुनवाई टल गई। कोर्ट ने अब छह जनवरी को सुनवाई की तिथि तय की है।
बेहमई गांव में फूलन देवी ने 14 फरवरी 1981 को अपने साथियों के साथ मिलकर 26 लोगों को लाइन में खड़ाकर अंधाधुंध फायरिंग की थी। इसमें बीस लोगों की मौत हो गई थी, जबकि छह लोग गंभीर रूप से घायल हो गए थे। मामले में गांव के राजाराम सिंह ने फूलन समेत अन्य डकैतों के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज कराई थी। घटना के वादी समेत अधिकांश आरोपियों की मौत हो चुकी है।
मामले की सुनवाई एंटी डकैती कोर्ट सुधाकर राय की अदालत में हो रही है। एक दिसंबर को सुनवाई के दौरान बचाव पक्ष के अधिवक्ता गिरीश नरायन दुबे ने आरोपी भीखा की मौत 19 नवंबर को होने का प्रार्थना पत्र कोर्ट में दिया था। इस पर कोर्ट ने पुलिस से आख्या मांगी थी। सोमवार को सुनवाई होनी थी लेकिन आरोपी भीखा की मौत की आख्या न आने से मामला फिर टल गया।
सुनवाई के दौरान विश्वनाथ कोर्ट में मौजूद रहा। श्यामबाबू के अधिवक्ता ने हाजिरी माफी का प्रार्थना पत्र दिया। आरोपी पोसा जेल में है। अत्यधिक वृद्ध व बीमार होने की वजह से उसे कोर्ट नहीं लाया जा रहा है। जिला शासकीय अधिवक्ता राजू पोरवाल ने बताया कि मृतक आरोपी की आख्या न आने से सुनवाई की तिथि छह जनवरी तय की गई है।