अपनी जानकारी दें और बिना दस्तावेज के कुछ सेकेंड में आपके खाते में लोन का रुपया आ जाएगा। इस तरह के कोई फोन, लिंक या एसएमएस आ रहे हैं तो सचेत और सतर्क हो जाएं। अनधिकृत मोबाइल एप या अन्य डिजिटल प्लेटफार्म के जरिये लोन लेने से बचें।
केवाईसी के नाम पर ग्राहक के पर्सनल डाटा का गलत इस्तेमाल की भी इसमें संभावना है। यह अलर्ट आरबीआई ने जारी किया है। नेशनल कंफेडरेशन ऑफ बैंक इंप्लाइज के सचिव राजेंद्र अवस्थी और पंजाब नेशनल प्रोग्रेसिव इंप्लाइज एसोसिएशन के उपमहामंत्री संजय त्रिवेदी ने बताया कि आरबीआई ने कहा है कि मोबाइल एप से लोन के आवेदन में दस्तावेज की जरूरत नहीं होती है।
वो केवल केवाईसी जैसे आधार, पैन और ग्राहक का बैंक खाता संख्या मांगता है। जैसे ही केवाईसी उनके पास आ जाती है तो ग्राहक की सारी व्यक्तिगत डिटेल संबंधित के पास पहुंच जाती है। इसका कोई भी गलत इस्तेमाल कर सकता है। कहा गया कि यदि किसी के साथ गलत हो जाता है तो आरबीआई के सचेत पोर्टल पर इसकी शिकायत करें।