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महिलाओं को फंसाने वाला गिरफ्तार: खुद के अपहरण की साजिश भी रच चुका है विष्णु, कोर्ट से चुराए थे दस्तावेज

Fri, 07 Oct 2022 09:26 AM IST
हिमांशु अवस्थी न्यूज डेस्क, अमर उजाला, कानपुर

सार

साइबर क्राइम की टीम ने न्यायिक अधिकारी बनकर महिलाओं को अपने जाल में फंसाने वाले शातिर को गिरफ्तार किया है। आरोपी नेकुबूल किया कि अब तक वह 20 से अधिक महिलाओं को ठग चुका है। उसके निशाने पर आर्थिक रूप से संपन्न विधवा, तलाकशुदा और सरकारी नौकरी करने वाली महिलाएं होती थी।
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गिरफ्तार किया गया जालसाज। - फोटो : amar ujala
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विस्तार
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कानपुर में युवतियों व महिलाओं को जाल में फंसा कर शारीरिक शोषण व ब्लैकमेलिंग कर वसूली करने वाले विष्णु शंकर गुप्ता पर करीब एक दर्जन मुकदमे दर्ज हैं। खुद के फर्जी अपहरण की साजिश रचने और अपनी पत्नी को केसों में फंसाने में भी नप चुका है।

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नवाबगंज में रहने वाला विष्णु शंकर सितंबर 2018 में अचानक से लापता हो गया था। पुलिस ने अपहरण की रिपोर्ट दर्ज कर जांच की थी। दो सप्ताह बाद पुलिस ने खुलासा किया था कि विष्णु ने वकील अहमद नाम के शख्स को नौकरी लगवाने का झांसा दिया था। उससे छह लाख रुपये वसूले थे।
नौकरी न मिलने पर जब अहमद ने रकम वापसी का दबाव बनाया तो विष्णु ने अहमद का मोबाइल चुराया और फिर लापता हो गया। अहमद के मोबाइल से अपने घर वालों को फिरौती के मैसेज भेजता था। पुलिस ने इस साजिश का राजफाश कर उसे ही जेल भेजा था।

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कोर्ट से चुराए थे दस्तावेज
विष्णु शंकर का पत्नी से काफी समय से विवाद चल रहा है। उसकी पत्नी ने उस पर दहेज प्रतिषेध अधिनियम व प्रताड़ित करने समेत अन्य धाराओं में मुकदमा दर्ज कराया था। विवाद बढ़ता गया तो विष्णु ने पत्नी को फर्जी मामलों में फंसाने का प्रयास किया।

कई झूठे मुकदमे भी दर्ज कराए। केस से संबंधित कुछ दस्तावेज कोर्ट से गायब कर दिए थे, जिसमें उस पर कार्रवाई हुई थी। विष्णु शंकर ने पत्नी से चल रहे केस से संबंधित एक समझौता पत्र कोर्ट में दाखिल किया था। तब उसकी पत्नी ने दावा किया था कि उसने समझौता किया ही नहीं है।

जांच में पता चला था कि विष्णु ने फर्जी समझौता पत्र कोर्ट में दिया था। इस मामले में भी उस पर केस दर्ज किया गया था। उस पर धोखाधड़ी, मारपीट समेत अन्य कई संगीन केस दर्ज हैं। उस पर पाबंद करने की भी कार्रवाई की जा चुकी है।  बता दें कि शातिर न्यायिक अधिकारी बनकर महिलाओं को अपने जाल में फंसाता था।

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उससे शादी का झांसा देकर शारीरिक शोषण करता, फिर अश्लील वीडियो बनाकर वायरल करने की धमकी देकर लाखों रुपये वसूलता था। जालसाज के निशाने पर शादी का विज्ञापन देने वाली तलाकशुदा व विधवा महिलाएं ही रहती थी। साइबर क्राइम सेल की टीम ने आरोपी के पास से चार लाख रुपये के जेवरात, चार मोबाइल और छह सरकारी विभागों की मुहर बरामद की हैं।   

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