पंचायत भवन में जांच करने पहुंची टीम
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महोबा चरखारी कोतवाली क्षेत्र के सुदामापुरी गांव में किसानों द्वारा अन्ना पशुओं को ग्राम पंचायत भवन में बंद कर दिए जाने से आधा दर्जन गायों की दम घुटने से मौत हो गई। गायों की मरने की खबर फैलते ही अधिकारियों ने मौके पर पहुंचकर जांच पड़ताल शुरू कर दी है।
खेतों में खरीफ की फसल खड़ी है लेकिन अन्ना पशुओं का कोई इंतजाम न होने से किसान खासा परेशान हैं। फसल चर जाने से आहत किसानों ने दो दिन पहले अन्ना जानवरों को गांव के पंचायत भवन में बंद कर दिया। छोटे से ग्राम पंचायत में अधिक अन्ना जानवरों को बंद किए जाने से आधा दर्जन गायों की गुरुवार को दम घुटने से मौत हो गई। गांव में पुलिस टीम जांच पड़ताल करने में जुट गई है।
कुछ अन्ना जानवरों की आवाज सुनकर राहगीरों ने यूपी 100 नंबर डायल किया। पुलिस ने दरवाजा खोला तो एक दूसरे से अन्ना जानवर सटे हुए खड़े थे। छह अन्ना पशु जमीन पर मृत पड़े थे। दरवाजा खुलते ही अन्ना पशु बाहर भाग निकले। उपजिलाधिकारी अरविंद कुमार द्विवेदी ने कोतवाली प्रभारी चरखारी को किसने पशु बंद किए इसका पता लगाकर उनके खिलाफ पशु क्रूरता के तहत मुकदमा दर्ज करने के निर्देश दिए हैं। इसके बाद पशुओं का पोस्टमार्टम कराकर उन्हें दफनाया गया।