मैथा। मां-बाप से हमें बहुत प्यार है, हम सभी को चाहते हैं। मेरी गलती माफ कर देना यह बात सुसाइड नोट में लिखकर चारा लेने के लिए निकली एक युवती ने फंदा लगाकर जान दे दी। उसका शव गांव के बाहर नीम के पेड़ पर रस्सी के फंदे से लटकता मिला।
शिवली थाना क्षेत्र के बैरी बस्ता में बुधवार सुबह चारा लेने गई युवती का शव किसानों ने बैरी दरियाव निवासी दिनेश मिश्रा के खेत में खड़े नीम के पेड़ पर रस्सी के फंदे से लटकता देखा। पास पहुंचने पर लोगों ने युवती की पहचान रामशंकर की बेटी शारदा (20) के रूप में करते हुए परिवार को सूचना दी। अनहोनी पर मां लौंगश्री, भाई श्याम बाबू, सचिदानंद, बहन उमा, राधा, लक्ष्मी रोती बिलखती हुईं घटना स्थल पर पहुंच गईं।
भाई श्याम बाबू ने बताया कि बहन ने दो साल पहले बीएससी करने के बाद पढ़ाई छोड़ दी थी। वह घर के काम में मां का हाथ बंटाती थी। परिजन उसकी शादी के लिए रिश्ता देख रहे थे। पिछले कई दिनों से वह तनाव में थी। बुधवार सुबह सात बजे चाय पीने के बाद वह बकरियों के लिए चारा लेने की बात कहकर घर से निकली थी। एक घंटे बाद उसका शव घर से दो किलोमीटर दूर फंदे पर मिलने की जानकारी हुई।
सूचना पर पहुंची पुलिस को छानबीन के दौरान मृतका के पास से एक सुसाइड नोट मिला है। पुलिस ने फोरेंसिक टीम की मदद से साक्ष्य जुटाए। थाना प्रभारी हरमीत सिंह ने बताया कि सुसाइड नोट में लिखा था कि मां-बाप से हमें बहुत प्यार है। हम सभी को चाहते हैं। मेरी गलती माफ कर देना। पोस्टमार्टम रिपोर्ट व मामले में जांच के आधार पर कार्रवाई की जाएगी।