पहले भी सांड के हमले के लोग हो चुके हैं शिकार
बिधनू निवासी होटल संचालक भरतलाल गुप्ता को सांड ने पटक दिया था, जिससे उनकी भी मौत हो गई थी। इसी तरह जनवरी 2023 में हरबसपुर गांव निवासी रामकली की सांड के पटकने से मौत हो गई थी। जून 2023 में बकौली गांव निवासी किसान रामकुमार की सांड के हमले में घायल होने के बाद मौत हो गई थी।
पटककर बुरी तरह कर दिया था घायल
इसी तरह 21 मार्च को घाटूखेड़ा गांव में काम की तलाश में जा रहे तेजीपुरवा निवासी मजदूर हरीलाल पासवान की सांड ने सींघ से पेट फाड़कर जान ले ली थी। सांड ने गांव में एक गोवंश और भैंस को पटककर मार डाला था। बीते मई माह में सांड ने होमगार्ड अवधेश पांडेय व पीआरवी सिपाही जितेंद्र सिंह को पटककर घायल कर दिया था।
छुट्टा मवेशी यातायात व्यवस्था बिगाड़ रहे हैं। सड़कों पर उनके झुंड दौड़ रहे हैं। जल्द ही छुट्टा मवेशियों की धरपकड़ का अभियान चलाया जाएगा। मवेशी सड़क पर नहीं दिखेंगे। -आरके निरंजन, मुख्य पशु चिकित्सा अधिकारी