कानपुर देहात। शिवली कोतवाली क्षेत्र के एक गांव में छह वर्ष पहले कुएं में नहाने गई एक छात्रा हत्या कर दी गई थी। मामले में किशोरी के पिता ने गांव के ही तीन लोगों पर दुष्कर्म का प्रयास व हत्या का मुकदमा दर्ज कराया था। अदालत ने सोमवार को तीनों अभियुक्तों को उम्रकैद की सजा सुनाई।
एक गांव में 18 अप्रैल 2012 को कुएं पर नहाने गई कक्षा 7 की छात्रा को पकड़ कर बदनीयती से घर में बंद कर दुष्कर्म का प्रयास किया गया था इसके बाद उसकी हत्या कर राजू के घर में शव लटका दिया गया था। मामले में छात्रा के पिता ने गांव के ही घनश्याम, ललऊ उर्फ राम औतार व राजू के विरुद्ध दुष्कर्म का प्रयास व हत्या का मुकदमा दर्ज कराया था। आरोप था कि तीनों ने उसे घर में खींच लिया। छात्रा के शोर मचाने पर उसकी हत्या करके फरार हो गए थे। मामले की सुनवाई अपर सत्र न्यायाधीश फास्ट ट्रैक कोर्ट प्रथम प्रवीण कुमार पांडेय की अदालत में चल रही थी। अदालत ने दोनों पक्षों सुनने के बाद अभियुक्तों को हत्या का दोषी मानते हुए आजीवन कारावास के के साथ 15-15 हजार रुपये अर्थदंड की सजा सुनाई। शासकीय अधिवक्ता रमा कटियार ने बताया कि तीनों अभियुक्तों पर दुष्कर्म के प्रयास का दोष सिद्ध नहीं हुआ जबकि हत्या का दोष सिद्ध होने पर तीनों को उम्रकैद की सजा सुनाई गई है। उन्होंने बताया कि अदालत ने अर्थदंड की धनराशि से 15 हजार रुपये मृतका के परिजनों को दिए जाने का फैसला सुनाया है।