कानपुर देहात। जिले में अब 102 परिषदीय विद्यालय मॉडल स्कूल बनेंगे। शासन ने प्रत्येक ब्लॉक में 5 प्राथमिक व 5 उच्च प्राथमिक विद्यालयों को मॉडल स्कूल के रूप में विकसित करने के निर्देश दिए हैं। इसी क्रम में डीएम ने शुक्रवार को बैठक कर तैयारियों की समीक्षा की। उन्होंने चयनित स्कूलों में 14वें वित्त से काम कराने के निर्देश दिए। वहीं, गलत सूचना देने वाले बीईओ से स्पष्टीकरण तलब करने के लिए बीएसए से कहा।
बैठक के दौरान डीएम राकेश कुमार सिंह ने कहा कि परिषदीय स्कूलों की ओर अभिभावकों का रूझान बढ़ाने के लिए शासन ने मॉडल स्कूल बनाने का निर्णय लिया है। इसमें जिले के डेरापुर्र, रसूलाबाद, संदलपुर, झींझक, अमरौधा, राजपुर, मलासा, मैथा और अकबरपुर ब्लॉक के पांच प्राथमिक व पांच उच्च प्राथमिक विद्यालय शामिल हैं। वहीं, सरवनखेड़ा ब्लॉक के छह प्राथमिक और छह उच्च प्राथमिक विद्यालय शामिल हैं।
मॉडल स्कूलों में रंगाई-पुताई, वाल पेटिंग व टीएलएम पेंटिग का कार्य कराया जाना है। पेयजल, शौचालय, फर्नीचर, खाना खाने के लिए दरी, टाट, पट्टी आदि की व्यवस्था करने के निर्देश दिए। खेलकूद की गतिविधियां संपन्न कराने के लिए कहा गया। साफ-सफाई के प्रति बच्चों को जागरूक करने के लिए डस्टबिन रखवाने के निर्देश दिए। बच्चों के लिए बुक रीडिंग कार्नर, सेल्फ विद बुक की स्थापना कराने के लिए कहा। बाउंड्री, गेट आदि की व्यवस्थाएं दुरुस्त कराएं और फर्श में इंटरलॉकिंग का काम व छाया व फलदार पौधे लगाए जाने के निर्देश दिए। प्रस्तावित मॉडल स्कूलों में ट्यूबलाइट, पंखा आदि की व्यवस्था भी दुरुस्त की जानी है। बच्चों के खेलने के लिए झूले आदि लगवाने के लिए कहा है। डीएम ने स्कूलों के बाबत सही सूचना न देने पर सभी खंड शिक्षा अधिकारियों से स्पष्टीकरण तलब करने के निर्देश बीएसए को दिए हैं। वहीं, मॉडल स्कूलों को चमकाने के लिए ग्राम पंचायत के 14वें वित्त से काम कराने के लिए कहा। बैठक में एसडीएम आनंद कुमार सिंह, दीपाली कौशिक, राजीव राज, बीएसए संगीता सिंह, सभी बीडीओ, बीईओ व प्रधानाध्यापक मौजूद रहेे।