उन्नाव। महिला अपराधों के बढ़ते ग्राफ से परेशान शिक्षा विभाग के अफसरों ने ‘बा’ स्कूलों की सुरक्षा में चौकीदारों के अलावा सीसीटीवी कैमरे लगवाने की मांग राज्य परियोजना निदेशक से की थी।
अफसरों की पहल रंग लाती दिख रही है। निदेशक ने जल्द स्कूलों को सीसीटीवी की सुरक्षा से लैस करने का भरोसा दिया है। डीसी बालिका शिक्षा ने निदेशक की संस्तुति पर कार्रवाई शुरू कर दी है।
सर्व शिक्षा अभियान के तहत जिले में 13 कस्तूरबा गांधी आवासीय बालिका विद्यालय संचालित हो रहे हैं। इन स्कूलों में अध्ययनरत 1300 बेटियों को सरकार आत्मनिर्भर बनाने को नि:शुल्क शिक्षा का तोहफा दे रही है। सरकार ने बेहतर शिक्षा के साथ ही बेटियों की सुरक्षा के भी इंतजाम में चौकीदारों की तैनाती के अलावा पुरुषों का प्रवेश रोक रखा है।
लेकिन अधिकांश ‘बा’ स्कूलों के भवन कस्बों व गांवों के किनारे बने होने से बेटियों की सुरक्षा को लेकर स्टाफ व जिम्मेदार अधिकारियों में चिंता बनी रहती है। सर्व शिक्षा अभियान बालिका शिक्षा जिला समन्वयक पूजा सिंह ने राज्य परियोजना निदेशक कार्यालय को छात्राओं की सुरक्षा को पुख्ता करने के लिए स्कूल भवनों को सीसीटीवी कैमरे से लैस करने की मांग करीब पांच माह पहले की थी।
डीसी की मांग को तत्कालीन बीएसए दीवान सिंह यादव ने भी समर्थन कर निदेशक को पत्र लिखा था। डीसी पूजा सिंह ने बताया कि राज्य परियोजना निदेशक डा. वेदपति मिश्र ने सुरक्षा के मद्देनजर केजीबी स्कूलों को सीसीटीवी कैमरों से जल्द लैस करने का आश्वासन दिया है।
अधिकारी ने स्कूल भवनों के ब्योरे के साथ ही फोटो मांगी है। उन्होंने उम्मीद जताई कि सितंबर महीने के अंत तक केजीबी स्कूल सीसीटीवी कैमरों की निगरानी में होंगे।
-डीसी ने परियोजना निदेशक से की थी मांग, बजट का मिला आश्वासन
अमर उजाला ब्यूरो