पंचायत चुनाव के चौथे व आखिरी चरण में बुधवार को
उमर्दा व हसेरन विकास खंड में संगीनों के साये में वोट डाले जाएंगे। दोनों
ही विकास खंडों के 232 मतदान केंद्रों के 477 बूथों पर मतदाता अपने
मताधिकार का प्रयोग कर सकेंगे। इस दौरान 3 लाख 24 हजार 912 वोटर
उम्मीदवारों के भाग्य मतपेटियों में बंद हो जाएंगे।
दोनों ब्लाकों में
प्रधान पद के 1246 प्रत्याशियों का फैसला आज मतपेटी में बंद हो जाएगा। इसके
अलावा 1,471 ग्राम सभा सदस्य पद के उम्मीदवारों का भी भाग्य भी बंद हो
जाएगा। मतदान के दिन डीएम, एसपी, एएसपी, एसडीएम, सीडीओ के साथ ही सीओ भी
घूम-घूमकर चुनाव का जायजा लेंगे।
जिला निर्वाचन कार्यालय के आंकड़ों के
अनुसार, उमर्दा विकास खंड में कुल 90 ग्राम पंचायतों में प्रधान चुने जाने
हैं। यहां पर 148 मतदान केंद्र व 326 बूथ बनाए गए हैं। इस विकास खंड में दो
लाख 29 हजार 491 मतदाता अपने मताधिकार का प्रयोग करेंगे।
उमर्दा ब्लाक
क्षेत्र में 892 प्रधान पद के उम्मीदवारों के लिए मतदान होगा, जबकि ग्राम
सभा सदस्य पद के 1003 प्रत्याशियों की किस्मत का भी मतदाता फैसला करेंगे।
यहां 31 सेक्टर, छह जोनल, छह सुपर जोनल मजिस्ट्रेटों को नियमित रूप से
भ्रमण करके मतदान शांतिपूर्ण व निष्पक्ष संपन्न कराने की जिम्मेदारी दी गई
है।
उमर्दा में 15 स्टेटिक मजिस्ट्रेट सुरक्षा की कमान संभालेंगे। 25
अति संवेदनशील प्लस मतदान केंद्रों पर एक-एक वीडियोग्राफर की तैनाती की गई
है, जो मतदान के दौरान लगातार वीडियोग्राफी करेगा। इसके अलावा 113
अतिसंवेदनशील, 51 संवेदनशील तथा 23 सामान्य केंद्रों पर भी फोटोग्राफरों की
ड्यूटी लगाई गई है।
संवेदनशील प्लस बूथों पर आईटीबीपी व पीएसी की ड्यूटी
अतिरिक्त रूप में लगाई गई है। वहीं हसेरन विकास खंड में 36 ग्राम प्रधान
चुने जाएंगे। यहां मतदान के लिए 84 मतदान केंद्र और 151 बूथ बनाए गए हैं।
यहां 95 हजार 421 मतदाता हैं। यहां पर प्रधान पद के 354 उम्मीदवार व सदस्य
पद के 468 उम्मीदवार के लिए वोट डाले जाएंगे।
हसेरन में दस स्टेटिक
मजिस्ट्रेट अतिरिक्त रूप से लगाए गए हैं। 16 सेक्टर, तीन जोनल मजिस्ट्रेट,
तीन सुपर जोनल मजिस्ट्रेट मोर्चे पर लगाए गए हैं। बूथ से 200 मीटर की
दूरी पर ही एजेंटों को बस्ता लगाने के निर्देश दिए गए हैं। उमर्दा खंड के
14 मतदान केंद्र व हसेरन के 15 मतदान केंद्र जिनके इर्दगिर्द बाउंड्रीवाल
नहीं है, वहां पर अतिरिक्त पुलिस की व्यवस्था की गई है।
मतदान के लिए सभी
मतदाताओं को 17 विकल्पों के जरिए वोट डालने का मौका दिया जाएगा। 18 साल के
कम आयु वाले मतदाता यदि वोट डालते मिले तो उनके खिलाफ सख्त कार्रवाई की
जाएगी। सुरक्षा के लिहाज से उमर्दा व हसेरन ब्लाक को सबसे ज्यादा बवाली
क्षेत्रों के रूप में जाना जाता है।
राज्यमंत्री विजय बहादुर पाल का
निर्वाचन क्षेत्र होने के कारण भी प्रशासन खासा अलर्ट है। यहां कई नेता
अपने चहेतों व गुर्गों के साथ ही परिजनों को मैदान में उतारकर प्रधान बनाने
के लिए पूरी ताकत लगाए हैं।