कन्नौज। जाम के झाम से पूरा शहर जूझ रहा है। डग्गामार वाहनों ने महीना वसूली के चलते यातायात पुलिस कार्रवाई से कतराती है।
इस कारण हाईवे पर चेकिंग के नाम पर खानापूर्ति की जाती है। इस कारण दुर्घटनाओं में लगातार इजाफा हो रहा है। यातायात पुलिस के पास कई संसाधन हैं, इसके बाद भी शहर में जाम की स्थिति बनी रहती है।
शहर में जाम न लगे, इसको लेकर शासन से लेकर प्रशासन गंभीर है। यातायात विभाग को शासन की ओर से संसाधन उपलब्ध कराए गए हैं। विभाग में प्रभारी सहित पांच दरोगा, 12 दीवान, 22 सिपाही, 72 होमगार्ड व पीआरडी के जवानों को प्रशिक्षण देकर लगाया गया है। पूरे शहर में 44 सीसीटीवी कैमरे लगाकर यातायात व्यवस्था को दुरुस्त करने का विभाग दावा करता है।
पुलिस लाइन में सीसीटीवी को देखने के लिए यातायात विभाग का कंट्रोल रूम तक अलग बनाया गया है। प्रभारी को जीप व सरकारी डीजल दिया जाता है। इसके बाद भी नगर के लोग जाम के झाम से परेशान रहते हैं। रोडवेज बस अड्डे के बाहर टेंपो, कानपुर व लखनऊ जाने वाली वैन तथा डग्गामार वाहनों से यातायात के पुलिसकर्मी महीना वसूली करते हैं।
इसके चलते उनके खिलाफ कार्रवाई करने से कतराते हैं। सड़क के दोनों ओर डग्गामार वाहन खड़े रहते हैं। यातायात प्रभारी आफाक खान का कहना है कि वाहनों की धरपकड़ को लेकर अभियान चलाकर कार्रवाई की जाती है। हाईवे पर गलत साइड से आने वाले लोगों के चालान किए जाते हैं। डग्गामार वाहनों के भी चालान कर सीज करने की कार्रवाई की जाती है।
शहर में जाम की समस्या दूर करने के लिए पुलिस कर्मियों की हर प्वाइंट पर ड्यूटी लगाई गई है।