चुनावी रंजिश में एक-दूसरे को पीटकर माहौल खराब करने
के मामले में पकड़े गए चारों युवकों को पुलिस ने रविवार को जेल भेज दिया
है। नामजद अन्य की गिरफ्तारी अभी नहीं हो सकी है।
ज्ञात हो कि मतदान के
दिन सलेमपुर गांव में पूर्व जिला पंचायत सदस्य नेम सिंह यादव व उनके
समर्थकों का भाजयुमो जिलाध्यक्ष सौरभ कटियार से विवाद हो गया था। इस दौरान
हुई मारपीट व पथराव में सौरभ का सिर फट गया था। शनिवार को इसी रंजिश के
कारण जलालपुर पनवारा पूर्वी ओवरब्रिज के पास दोनों पक्ष फिर आमने-सामने हुए
तो जमकर मारपीट हुई और हवा में गोलियां दागी गईं।
एसपी कलानिधि नैथानी ने
बताया कि कानून तोड़कर अशांति फैलाने के बाद दोनों पक्ष कोतवाली में समझौता
करना चाह रहे थे। मुकदमे में नामजद ज्ञानेंद्र यादव, संदीप और दूसरे पक्ष
से उपेंद्र वर्मा एवं रजत सैनी को जेल भेजा गया है। इन सभी के खिलाफ सेवेन
क्रिमिनल एक्ट के तहत भी कार्रवाई की गई है।
एसपी ने बताया कि उपेंद्र
वर्मा पूर्वी बाईपास पर पुलिस की सुरक्षा में पोस्टमार्टम के लिए ले जाए जा
रहे शव को छीन कर जीटी रोड जाम करने, बगैर परमीशन के बोर्डिंग ग्राउंड से
ग्वाल मैदान तक यात्रा निकालने व प्रभात फेरी निकालने के मामले में भी फरार
चल रहा था।