विकास खंड तालग्राम के गांव रसूलाबाद में विभागीय अफसरों व प्रधान की उदासीनता के चलते रमजान के माह में गंदगी व जलभराव का अंबार लगा हैं। इससे रोजेदारों को गलियों से निकलने में दिक्कतों का सामना करना पड़ रहा है। संक्रामक बीमारी फैलने की संभावना बढ़ रही है।
रोजेदार बबलू कुरैशी, बहार कुरैशी, मोहम्मद साजिद, फैयाज अहमद, शीबू कुरैशी का कहना है कि रमजान शुरू होने से पहले थाने में शांति कमेटी की बैठक आयोजित की गई थी। इसमें अधिकारियों ने सभी ग्राम प्रधानों से मुस्लिम बाहुल्य गांव में सफाई, पेयजल, प्रकाश व्यवस्था बेहतर करने के निर्देश दिए थे। रमजान के दसवां रोजा बीत जाने के बाद भी सफाई व्यवस्था पर ग्राम प्रधान ने ध्यान नहीं दिया।
कई बार प्रधान को समस्या से अवगत कराया गया, लेकिन कोई सुनवाई नहीं हुई है। रास्ते की नालियां चोक हैं, कूड़ा करकट के ढेर लगे हुए हैं। जिससे रोजेदारों को काफी परेशानी हो रही हैं।
ग्राम प्रधान उमा शर्मा का कहना है कि गांव में एक मात्र सफाई कर्मचारी की तैनाती है। पंचायत में कई मजरे हैं। इसके लिए अतिरिक्त सफाई कर्मी की तैनाती हो, तभी सफाई व्यवस्था दुरुस्त हो सकती है। छोटी-छोटी पंचायतों में तीन-तीन सफाई कर्मी लगाए गए हैं। जबकि बड़ी पंचायतों में सफाई कर्मियों की कमी है।