स्वच्छ भारत मिशन के तहत डीएम अनुज झा की ओर से 35
गांवों को चिह्नित कर खुले में शौच न करने के लिए शुरू की गई मुहिम के
परिणाम सामने आने लगे हैं।
इन ग्राम पंचायतों में सुबह पांच बजे लोगों
को जागरूक करने को निगरानी समिति, ग्राम पंचायत सचिव, आंगनबाड़ी,
समाजसेवियों की मदद से ग्रामीण अब जागरूक होने लगे हैं। उन्होंने खेतों को
त्याग कर शौचालयों का प्रयोग करना शुरू कर दिया है।
कड़ाके की ठंड के
बावजूद डीएम की ओर से गठित की गई टीमें सुबह पांच बजे ग्राम पंचायतों में
पहुंचकर गांव के लोगों को शौचालय का प्रयोग करने को प्रेरित कर रही हैं।
इसमें परियोजना निदेशक एके सिंह कुशवाह, डीपीआरओ जेके केसरवानी, ब्लाकों के
बीडीओ पहुंच रहे हैं।
डीपीआरओ केसरवानी ने बताया कि नौरंगपुर नगरिया,
बछज्जापुर, सौंसरी, किशनपुर, गदनपुर नरहा, बछज्जापुर सहित कई गांवों के
लोगों ने जागरूक होकर शौचालय का प्रयोग करना शुरू कर दिया है। डीपीआरओ ने
बताया कि शुरुआती दौर में जब इस मुहिम की डीएम को ओर से शुरुआत की गई थी,
तो निर्मित शौचालयों में अधिकांश में कंडे व अन्य सामान भरा हुआ था।
गांव
के लोग शौच को खुले में जाते थे। अब हालात यह है कि लोगों ने उसमें से भरा
हुआ सामान बाहर निकाल लिया और उनका प्रयोग शुरू कर दिया है। इसके अलावा लोग
शौचालय निर्माण के लिए भी प्रेरित हुए हैं।