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Kannauj News: रुपयों के लेनदेन पर सपाई ने पूर्व जिला पंचायत सदस्य को सरेआम पीटा

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कन्नौज। समाजवादी पार्टी के एक नेता के भाई ने सपा के ही पूर्व जिला पंचायत सदस्य को सरेआम थप्पड़ाें से पीट दिया। इसका वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हो रहा है। हालांकि अमर उजाला इसकी पुष्टि नहीं करता है। पूर्व जिला पंचायत सदस्य ने मंगलवार को सदर कोतवाली में रिपोर्ट दर्ज कराई है। पुलिस जांच कर रही है। बताया जा रहा है कि दोनों पक्षों में चुनावी रंजिश लंबे समय से चल रही है। पहले कचहरी में दोनों में बहस हुई। इसके बाद एक पक्ष ने पूर्व जिला पंचायत सदस्य को सदर तहसील परिसर में पीट दिया।
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कचहरी में दोपहर एक बजे जलालाबाद क्षेत्र के ग्राम तिलपई निवासी पूर्व जिला पंचायत सदस्य रजनीकांत यादव को उन्हीं के क्षेत्र के ग्राम खिवराजपुर्वा निवासी लल्ला यादव ने सदर तहसील परिसर में पीट दिया। लल्ला यादव सपा नेता जगमोहन उर्फ डीएम यादव का छोटा भाई है। बताया गया कि दोनों की पहले कचहरी में एक वकील के चैंबर पर कुर्सी पर बैठने के लिए बहस हुई थी। वहां पर वकीलों ने मामला शांत करा दिया।
इसके बाद रजनीकांत यादव सदर तहसील आए तो पीछे से आए लल्ला यादव ने कॉलर पकड़ कर उन्हें छह-सात तमाचे जड़ दिए। वहां मौजूद लोगों ने बीचबचाव कर दोनों को अलग किया। इस दौरान किसी ने इसका वीडियो बनाकर सोशल मीडिया पर वायरल कर दिया। घटना के बाद रजनीकांत यादव सदर कोतवाली पहुंचे और लल्ला यादव के खिलाफ तहरीर दी। प्रभारी निरीक्षक जितेंद्र प्रताप सिंह ने बताया कि तहरीर के आधार पर मारपीट की रिपोर्ट दर्ज कर ली गई। जांच कर कार्रवाई की जाएगी।
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डीएम यादव और लल्ला यादव सपा से निष्कासित
सपा नेता रजनीकांत यादव जिला पंचायत सदस्य रह चुके हैं तो उनकी पत्नी जलालाबाद क्षेत्र की ब्लॉक प्रमुख रहीं हैं। पड़ोस के गांव खिवराजपुर्वा निवासी सपा नेता डीएम यादव ने भी रजनीकांत यादव के खिलाफ जिला पंचायत सदस्य का चुनाव लड़ा था पर वह हार गए थे। सपा जिलाध्यक्ष कलीम खां का कहना है कि अनुशासनहीनता के कारण डीएम यादव और लल्ला यादव को समाजवादी पार्टी से निष्कासित कर दिया गया है।
रुपयों के लेनदेन की बात आई सामने
आरोपी लल्ला यादव का कहना है कि सपा पार्टी में एक साथ काम करते हुए उन्होंने वर्ष 2013 में रजनीकांत यादव को 6.62 लाख रुपये उधार दिए थे। उन्होंने रुपये वापस मांगे तो रजनीकांत ने अभद्रता की। कई बार रुपये मांगने पर उन्होंने वापस नहीं किए और उल्टा देख लेने की धमकी दी। कचहरी में उन्होंने धमकाया था। वहीं, इस बारे पक्ष जानने के लिए रजनीकांत से बात करने का प्रयास किया गया तो उन्होंने काॅल रिसीव नहीं की।
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