छिबरामऊ(कन्नौज)। जमीन के विवाद में मारपीट के बाद दर्ज हुई एफआईआर को निपटाने के लिए पचास हजार रुपये की रिश्वत मांगने के आरोपी दरोगा रामबदन बर्नवाल को निलंबित कर दिया गया। दरोगा पर यह कार्रवाई वीडियो वायरल होने के बाद एसपी प्रशांत वर्मा ने की है। मामले की जांच तिर्वा सीओ दीपक दूबे को सौंपी गई है।
सौ शय्या चौकी पर तैनात दरोगा रामबदन बर्नवाल का कोतवाली में पचास हजार रुपये की रिश्वत मांगते हुए वीडियो वायरल हुआ है। करीब 11 मिनट के इस वीडियो ने पुलिस महकमे में हड़कंप मचा दिया। दरोगा ने सीओ और इंस्पेक्टर को भी अपने इस कारनामे में लपेट दिया है। एसपी प्रशांत वर्मा ने मामले को गंभीरता से लेते हुए दरोगा रामबदन बर्नवाल को निलंबित कर दिया। मामले की जांच तिर्वा सीओ दीपक दूबे को सौंपी है।
कुंअरपुर जनूं गांव में जमीन के विवाद के चलते 31 मार्च को मारपीट हुई थी। इस मामले में कोतवाली में पांच लोगों के खिलाफ कई धाराओं में कोतवाली में मुकदमा दर्ज कराया गया था। धाराओं को हटाने के लिए दरोगा ने पचास हजार रुपये की मांग की थी। रकम का कुछ हिस्सा दिया जा चुका है। परेशान होकर पीड़ित पक्ष ने दरोगा का वीडियो बनाकर वायरल कर दिया। एफआईआर में आरोपी बनाए गए धनंजय सिंह ने इस मामले की शिकायत आईजी से भी की थी। पीड़ित पक्ष के मुखिया खुद पुलिस के सतर्कता अधिष्ठान में कार्यरत हैं।