गोष्ठी में मौजूद अधिकारी व किसान
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विकास भवन में जिला स्तरीय खरीफ उत्पादकता गोष्ठी व प्रदर्शनी का आयोजन किया गया। इस मौके पर किसानों को फसलों में बेहतर उत्पादन के तौर-तरीके बताए गए।
डीएम अनुज कुमार झा ने कृषि प्रदर्शनी का फीता काटकर उद्घाटन किया। इसके बाद उन्होंने स्टालों पर पहुंच कर बीज, कीटनाशक दवाओं के बारे में जानकारी ली। उन्होंने एक किसान को स्प्रे मशीन सौंपी। विकास भवन सभागार में हुई किसान गोष्ठी में डीएम ने कहा कि कृषि ऋण का लक्ष्य हर हाल में पूरा किया जाए। उन्होंने कृषि बीमा तथा फसल बीमा के बारे में मौजूद किसानों को जानकारी के बाद बैंकों को योजनाओं के बोर्ड लगाए जाने के निर्देश दिए।
डीएम ने कहा कि एक लाख 20 हजार किसानों को वर्ष 2016 में पंजीक ृत कर मिट्टी के नमूने लिए जाएं। किसानों को परीक्षण का कार्ड भी दिया जाए।
कृषि निदेशक को निर्देश दिए कि किसानों से संबंधित योजनाओं में पारदर्शिता बरती जाए। उन्होंने फसल उत्पादन को बढ़ाने के लिए कृषि विविधीकरण अपनाने पर जोर दिया। उन्होंने कहा कि नए नलकूपों का संचालन बेहतर तरीके से किया जाए। उन्होंने आलू एक्सीलेंट सेंटर की स्थापना के लिए शीघ्र कार्रवाई के निर्देश दिए। इस मौके पर मुख्य विकास अधिक ारी उदय राज यादव ने उत्पादन बढ़ाने के लिए उन्नतशील बीज प्रयोग करने की सलाह दी।
कृषि विज्ञान केंद्र के वैज्ञानिक सुभाष सिंह ने उर्द की बेहतर उपज देने वाली प्रजातियों और कीटनाशक की जानकारी दी। अधिशासी अभियंता विद्युत पीराम ने बिजली विभाग से निजी नलकूपों में मिलने वाली छूट के बारे में जानकारी दी। इसके अलावा जिला उद्यान अधिकारी मुन्ना यादव, उपनिदेशक कृषि डा. राकेश कुमार ने भी संबोधित किया। इस मौके पर भूमि संरक्षण अधिकारी अशोक कुमार, जिला कृषि अधिकारी नीरज सहित कई अधिकारी मौजूद रहे।