कन्नौज। शासन के निर्देश 20 फीसदी खाद सहकारी समितियों को दी जाएगी। वहीं शेष 80 फीसदी खाद निजी क्षेत्र को दी जाएगी। ताकि समितियों से कालाबाजारी न हो सके। कारण है कि समितियों से खाद बहुउदद्देशीय ग्रामीण सहकारी समिति (बीपैक्स) को दी जाती है।
दो वर्षों से निजी क्षेत्र की खाद को समितियों को भेजा जाता है। इससे किसान समिति पर जाकर खाद ले लेता था। ताकि किसानों को भटकना न पड़े। 15 सितंबर को शासन ने पत्र जारी कर निजी क्षेत्र की 20 प्रतिशत ही खाद समितियों को भेजने को कहा है। 80 प्रतिशत ही समितियों को भेजने को कहा है। सहकारिता विभाग के उपायुक्त राजीव लोचन शर्मा ने बताया कि समितियों पर 1180 मीट्रिक टन डीएपी, 831 एनपीके मीट्रिक टन, 1710 मीट्रिक टन यूरिया और 215 मीट्रिक टन टीएसपी खाद उपलब्ध है। सभी समितियों पर खाद वितरण की जा रही है।
समितियों का अधिकारियों ने किया निरीक्षण
डीएम के निर्देश पर उप कृषि निदेशक संतोष कुमार, जिला कृषि अधिकारी संतलाल गुप्ता और एआर कोआपरेटिव राजीव लोचन ने कई समितियों का निरीक्षण किया। अधिकारियों ने संबंधित समितियों के सचिव को ठीक से खाद वितरण करने के निर्देश दिए। साथ ही व्यवस्थित तरीके खाद वितरण करने को कहा है। उप कृषि निदेशक संतोष कुमार ने बताया कि किसान खाद को लेकर परेशान न हों। किसानों को खाद उपलब्ध कराई जा रही है। पर्याप्त मात्रा में खाद का स्टाक है। अगर कोई अधिक दाम में खाद बेचता है, तो उसकी शिकायत कार्यालय में आकर कर सकते हैं।
जिले में यह खाद स्टाक
जिला कृषि अधिकारी संत लाल गुप्ता ने बताया कि जिले में 2,63,283 बोरी यूरिया, 2,11,395 बोरी एनपीके और 1,18,838 बोरी डीएपी मौजूद है।